
जमशेदपुर / चाईबासा: पावन श्रावण (सावन) मास के अवसर पर शिव भक्तों और कांवड़ियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। अब श्रद्धालुओं को पवित्र गंगाजल के लिए दूर-दराज जाने या भटकने की बिल्कुल आवश्यकता नहीं होगी। डाक विभाग, सिंहभूम मण्डल ने भक्तों की सुविधा के लिए एक अभूतपूर्व पहल की है।


वरिष्ठ डाक अधीक्षक (Sr. Superintendent of Post Offices) उदयभान सिंह के कड़े निर्देशानुसार, सिंहभूम मण्डल के हर छोटे-बड़े डाकघर में शुद्ध गंगाजल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
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निर्बाध आपूर्ति के लिए त्रि-स्तरीय (Three-Tier) व्यवस्था लागू
भक्तों को जलाभिषेक के लिए गंगाजल की किल्लत का सामना न करना पड़े, इसके लिए विभाग ने एक मजबूत सप्लाई चेन तैयार की है। वरिष्ठ डाक अधीक्षक ने इसे लेकर निम्नलिखित सख्त निर्देश जारी किए हैं:
उप डाकघरों (Sub Post Offices) को निर्देश: सभी उप डाकपालों को अपने-अपने क्षेत्रों में गंगाजल की माँग का सही आकलन कर पहले से ही पर्याप्त स्टॉक (Stock) रखने को कहा गया है। स्टॉक कम होने की स्थिति में वे तुरंत अपने संबंधित प्रधान डाकघर से संपर्क कर आपूर्ति मँगवाएँगे।
प्रधान डाकघरों (Head Post Offices) से बैकअप: जमशेदपुर या चाईबासा स्थित प्रधान डाकघर में यदि गंगाजल की कमी महसूस होती है, तो बिना समय गंवाए सीधे रांची जीपीओ (Ranchi GPO) से तत्काल आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
शिवालयों एवं धार्मिक स्थलों के बाहर भी लगेंगे विशेष स्टॉल
डाक विभाग ने अपनी इस सेवा को केवल डाकघर के काउंटरों तक ही सीमित नहीं रखा है। श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ और सुविधा को ध्यान में रखते हुए विभाग ने एक और बड़ा कदम उठाया है।
स्थानीय प्रशासन और मंदिर समितियों की अनुमति के आधार पर, शहर के प्रमुख शिव मंदिरों और धार्मिक स्थलों के पास अस्थायी गंगाजल बिक्री स्टॉल लगाए जाएँगे। इससे सुबह-सुबह जलाभिषेक के लिए निकलने वाले कांवड़ियों और शिव भक्तों को सीधे मंदिर के प्रवेश द्वार पर ही पवित्र गंगाजल सुलभ हो सकेगा।
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कोई भी श्रद्धालु गंगाजल से वंचित न रहे: उदयभान सिंह
इस पहल के संदर्भ में वरिष्ठ डाक अधीक्षक श्री उदयभान सिंह ने कहा, “सावन का महीना शिव भक्तों के लिए अत्यंत पवित्र और आस्था का केंद्र होता है। हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है कि कोई भी श्रद्धालु जलाभिषेक के लिए गंगाजल से वंचित न रहे। विभाग ने अपने स्टॉक प्रबंधन और वितरण व्यवस्था को इस प्रकार तैयार किया है कि पूरे सावन मास आपूर्ति पूरी तरह निर्बाध बनी रहे।”


