
जमशेदपुर/नेदरलैंड: टाटा स्टील नेदरलैंड ने यूरोपीय पार्टनर्स के साथ मिलकर कारों और वॉशिंग मशीनों के लिए उच्च गुणवत्ता वाले स्टील को पूरी तरह रिसायकल करने की दिशा में एक बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है। कंपनी यूरोपीय नवाचार ‘CiSMA’ (सर्कुलर इकोनॉमी के लिए संयुक्त नवाचार) प्रोजेक्ट का अहम हिस्सा बन गई है। इस प्रोजेक्ट का मुख्य उद्देश्य इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस (EAF) तकनीक का उपयोग करके 100% स्क्रैप से उच्च गुणवत्ता वाले नए स्टील ग्रेड का विकास करना है।
CO₂ उत्सर्जन में 70% तक कमी लाने का लक्ष्य
इस शानदार पहल का एक प्रमुख लक्ष्य शीट स्टील उत्पादन में कुल CO₂ उत्सर्जन को 70% तक कम करना है। हालांकि वर्तमान में स्टील उत्पादन में 100% स्क्रैप का उपयोग पूरी तरह व्यावहारिक नहीं माना जाता है, फिर भी इस शोध से 30 से 40% स्क्रैप युक्त उच्च गुणवत्ता वाले स्टील उत्पादन के लिए अहम जानकारियां मिल रही हैं। परियोजना से जुड़े शोधकर्ता राधाकांत राणा ने बताया कि इससे प्राप्त ज्ञान यूरोप की ‘सर्कुलर इकोनॉमी’ को और मजबूत करेगा। इसके अलावा, दूषित स्क्रैप की सफाई के लिए मशीन लर्निंग और डिजिटल मॉडलों का उपयोग किया जा रहा है, जिससे भविष्य में कॉपर जैसे महत्वपूर्ण रॉ मटेरियल को भी सफलतापूर्वक पुनः प्राप्त किया जा सकेगा।
वॉल्वो और इलेक्ट्रोलक्स जैसी ग्लोबल कंपनियां हैं शामिल
CiSMA प्रोजेक्ट केवल स्टील कंपनियों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें ऑटोमोबाइल और इंजीनियरिंग सेक्टर के कई दिग्गज शामिल हैं। वॉल्वो कार्स (Volvo Cars) और इलेक्ट्रोलक्स प्रोफेशनल (Electrolux Professional) कारों और वॉशिंग मशीनों में इस रिसायकल किए गए स्टील के व्यावसायिक उपयोग की संभावनाओं पर शोध कर रहे हैं। शोधकर्ता जोहान पिलथम्मर ने बताया कि वॉल्वो के लिए यह समझना बेहद जरूरी है कि अधिक रिसाइकल्ड सामग्री फॉर्मिंग प्रक्रिया के दौरान स्टील के व्यवहार को कैसे प्रभावित करती है। वहीं, इलेक्ट्रोलक्स की एंड्रिया कैप्टो ने कहा कि यह ऐतिहासिक प्रोजेक्ट जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और उत्सर्जन को कम करने में मील का पत्थर साबित होगा।
READ MORE :Jamshedpur News: किताब वितरण में लापरवाही पर डीसी का बड़ा एक्शन, 7 BPO का वेतन रुका; टॉपर्स होंगे सम्मानित
4.5 मिलियन यूरो के बजट से चल रहा है यह विशाल प्रोजेक्ट
इस महत्वाकांक्षी CiSMA प्रोजेक्ट का समन्वयन यूरेकैट द्वारा किया जा रहा है। इसमें पांच देशों के कुल 13 बड़े साझेदार शामिल हैं, जिनमें वोएस्टअल्पाइन, वॉल्वो कार्स, इलेक्ट्रोलक्स प्रोफेशनल, राइज, ब्लेकिंगे इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, अल्बा सिंक्रोट्रॉन और टाटा स्टील नेदरलैंड जैसे बड़े नाम हैं। इस प्रोजेक्ट का कुल बजट लगभग 4.5 मिलियन यूरो है और इसे ‘यूरोपीय संघ के होराइजन यूरोप कार्यक्रम’ के तहत वित्तपोषित किया जा रहा है।


