
जमशेदपुर: लौहनगरी जमशेदपुर के साकची स्थित सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (CGPC) के प्रधान कार्यालय में सोमवार को पंथक सेवा और नारी सशक्तिकरण की एक मजबूत तस्वीर देखने को मिली। सरजामदा गुरुद्वारा सिख स्त्री सत्संग सभा की नवनिर्वाचित प्रधान सुरजीत कौर और उनकी पूरी कार्यकारिणी टीम का सीजीपीसी कार्यालय में भव्य स्वागत व अभिनंदन किया गया। सेंट्रल सिख स्त्री सत्संग सभा के नेतृत्व में आयोजित इस सम्मान समारोह में नई टीम को सिरोपा (ओढ़नी) और स्मृति चिन्ह (मोमेंटो) भेंट कर सम्मानित किया गया तथा समाज में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया गया।

गुरु घर की सेवा में बढ़-चढ़कर शामिल होने का आह्वान
समारोह को संबोधित करते हुए सेंट्रल सिख स्त्री सत्संग सभा की प्रधान रविंद्र कौर और महासचिव परमजीत कौर ने सुरजीत कौर को पदभार संभालने की बधाई दी। उन्होंने अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि एक प्रधान की जिम्मेदारी केवल पद तक सीमित नहीं होती, बल्कि पूरी संगत को एक सूत्र में पिरोकर गुरु घर से जोड़ना उनका मुख्य दायित्व है। उन्होंने नई टीम से अपेक्षा जताई कि वे अपने कार्यकाल में आपसी भाईचारे को मजबूती देंगी। इस दौरान प्रधान के साथ उनकी सहयोगी हर्षमीत कौर, जसपाल कौर, रशपाल कौर और मंजीत कौर को भी ओढ़नी व मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया, जिस पर पूरी टीम ने पूर्ण समर्पण के साथ पंथ सेवा का संकल्प लिया।
नौजवान सभा का स्मृति चिन्ह रविंद्र कौर को सौंपा गया
इस गरिमामय आयोजन के दौरान सांगठनिक एकजुटता की एक अनूठी मिसाल भी सामने आई। गौरतलब है कि पिछले दिनों सरजामदा गुरुद्वारा का स्थापना दिवस पूरे श्रद्धाभाव के साथ मनाया गया था, जिसमें अपरिहार्य कारणों से सेंट्रल प्रधान रविंद्र कौर शामिल नहीं हो सकी थीं। उस ऐतिहासिक स्थापना दिवस पर सरजामदा सिख नौजवान सभा द्वारा रविंद्र कौर के लिए जो सम्मान और स्मृति चिन्ह समर्पित किया गया था, उसे सोमवार को सुरजीत कौर ने अपने हाथों से उन्हें भेंट किया। इस आदर के लिए रविंद्र कौर ने सरजामदा संगत का आभार व्यक्त किया।
READ MORE :JAMSHEDPUR NEWS: CGPC सम्मान समारोह में 78 मेधावी छात्र सम्मानित, कर्नल निखिल शरन ने सिख समाज की सेवा भावना को सराहा
सीजीपीसी नेतृत्व ने महिलाओं को बताया समाज का आधार
कार्यक्रम में जमशेदपुर सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के शीर्ष नेतृत्व की भी गरिमामयी उपस्थिति रही। मौके पर मौजूद सीजीपीसी के प्रधान भगवान सिंह और महासचिव अमरजीत सिंह ने नवनिर्वाचित महिला टीम का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि सिख इतिहास में महिलाओं का त्याग और सेवा हमेशा से प्रेरणास्रोत रही है। किसी भी गुरुद्वारे के सुचारू संचालन में स्त्री सत्संग सभा की रीढ़ जैसी भूमिका होती है। सीजीपीसी नेतृत्व ने नई टीम को हर स्तर पर संगठनात्मक सहयोग देने का भरोसा दिया। इस अवसर पर सिख संगत के कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।


