
जमशेदपुर: लौहनगरी जमशेदपुर के मानगो क्षेत्र के निवासियों के लिए एक बेहद राहत भरी खबर है। लंबे समय से लटकी पड़ी मानगो शहरी जलापूर्ति योजना (फेज 2, पार्ट B) अब जल्द ही धरातल पर उतरने वाली है। मेयर सुधा गुप्ता की लगातार की गई पहलों और अथक प्रयासों के बाद इस योजना के रास्ते में आ रही सभी तकनीकी और प्रशासनिक बाधाएं दूर कर ली गई हैं। अब मानगो की जनता को जल्द ही निर्बाध और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सकेगा।
मेयर की पहल से सुलझा NH 33 पाइपलाइन का पेच
इस मेगा प्रोजेक्ट के तहत सबसे बड़ी अड़चन राष्ट्रीय राजमार्ग (NH 33) के RAW (Right of Way) में पाइपलाइन बिछाने को लेकर आ रही थी। पाइप लाइन एलाइनमेंट के अंतिम रूट निर्धारण में कई तकनीकी कठिनाइयां थीं, जिसके कारण कार्य बाधित था। लेकिन मेयर सुधा गुप्ता ने इस गंभीर मुद्दे पर खुद संज्ञान लिया। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ कई दौर की उच्च स्तरीय बैठकें कीं और जमीनी हकीकत जानने के लिए कार्यस्थलों का सघन दौरा किया। उनके इस त्वरित एक्शन के कारण रूट निर्धारण की सभी परेशानियां अब समाप्त हो गई हैं।
लगातार दौरों और बैठकों से निकला समाधान
योजना को गति देने के लिए मेयर और प्रशासन द्वारा कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए। 26 मार्च को सबसे पहले बालीगुमा क्षेत्र का दौरा कर स्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। इसके बाद 13 अप्रैल को जयपाल कॉलोनी के निवासियों के साथ सीधा संवाद स्थापित कर एक वैकल्पिक स्थल के चयन का प्रस्ताव तैयार किया गया। इस प्रस्ताव को 17 अप्रैल को आयोजित बोर्ड की बैठक में प्रमुखता से रखा गया। सबसे अहम पड़ाव 22 अप्रैल को आया, जब NHAI, PHED, मानगो नगर निगम के अधिकारियों और संवेदक (ठेकेदार) के साथ एक संयुक्त बैठक हुई। इस बैठक में आपसी समन्वय स्थापित कर NOC (अनापत्ति प्रमाण पत्र) प्राप्त करने पर पूर्ण सहमति बनाई गई।
NHAI से मिली हरी झंडी और वैकल्पिक रूट को स्वीकृति
8 मई को कार्यपालक अभियंता सुमित कुमार ने पत्रांक संख्या 641 के माध्यम से GM (T) सह प्रोजेक्ट डायरेक्टर को पत्र लिखकर अंतिम रूट निर्धारण का आधिकारिक आग्रह किया। इसी बीच, मेयर सुधा गुप्ता ने भी कड़ा निर्देश देते हुए कार्यपालक अभियंता को पत्र लिखकर वैकल्पिक पाइपलाइन रूट निर्धारण के कार्य को जल्द से जल्द निष्पादित करने को कहा।
इसके जवाब में NHAI ने अपने पत्रांक संख्या (भाराराप्रा/पकाई/रांची/33/2026/089) के जरिए स्थिति स्पष्ट की। NHAI ने बताया कि एलीवेटेड कॉरिडोर परियोजना के तहत KM 248+400 डिमना नाला पर निर्माण कार्य होने के कारण पुरानी पाइपलाइन का कार्य प्रभावित होगा, इसलिए उन्होंने वैकल्पिक व्यवस्था के निर्माण को अपनी स्वीकृति दे दी है। इस दिशा में त्वरित कार्रवाई करते हुए 13 मई को रांची से आई NHAI की एक विशेष टीम ने मैप और नक्शा बनाने का कार्य सफलता पूर्वक संपन्न कर लिया है। साथ ही, PHED विभाग ने भी अपनी फिजिबिलिटी रिपोर्ट (Feasibility Report) तैयार कर कार्यपालक अभियंता को सौंप दी है।
इस योजना के पूरा होने से मानगो की लाखों की आबादी को जल संकट से हमेशा के लिए स्थायी निजात मिल जाएगी।


