जमशेदपुर: झारखंड राज्य के युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण खबर है। पूर्वी सिंहभूम जिला मुख्यालय (जमशेदपुर) में आगामी 12 अप्रैल 2026 (रविवार) को ‘झारखंड उत्पाद सिपाही प्रतियोगिता परीक्षा 2026’ का भव्य आयोजन होने जा रहा है। इस महत्वपूर्ण परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और कदाचारमुक्त (Cheating-free) वातावरण में संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने पूरी तरह से कमर कस ली है। परीक्षा के सुचारु संचालन के लिए सिदगोड़ा स्थित टाउन हॉल में एक विशेष ब्रीफिंग सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों, पुलिस पदाधिकारियों और केंद्राधीक्षकों को कड़े दिशा-निर्देश दिए गए।
3 पालियों में होगी परीक्षा, सुबह 7 बजे है रिपोर्टिंग टाइम
प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, पूर्वी सिंहभूम जिले में इस परीक्षा के लिए कुल 77 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा का आयोजन एक ही दिन में तीन अलग-अलग पालियों (Shifts) में किया जाएगा।
परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र पर सुबह 07:00 बजे रिपोर्ट करना अनिवार्य है।
प्रथम पाली: सुबह 08:30 बजे से 10:30 बजे तक।
द्वितीय पाली: सुबह 11:30 बजे से दोपहर 01:30 बजे तक।
तृतीय पाली: दोपहर 03:30 बजे से शाम 05:30 बजे तक आयोजित होगी।
इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स पर पूर्ण प्रतिबंध, बायोमेट्रिक हाजिरी अनिवार्य
जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने ब्रीफिंग के दौरान स्पष्ट किया कि परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहेंगे। परीक्षा कक्ष के अंदर किसी भी प्रकार का इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाना पूरी तरह से वर्जित है। परीक्षार्थी अपने साथ मोबाइल फोन, ब्लूटूथ, ईयरफोन, डिजिटल डायरी, कैलकुलेटर, पेजर, स्मार्ट वॉच, पुस्तक, नोट बुक या बैग लेकर परीक्षा हॉल में प्रवेश नहीं कर सकेंगे। इसके साथ ही, झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) के निर्देशानुसार सभी परीक्षार्थियों की बायोमेट्रिक उपस्थिति (Biometric Attendance) अनिवार्य रूप से दर्ज की जाएगी। उपायुक्त ने दंडाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे खुद निगरानी करें ताकि कोई भी छात्र बायोमेट्रिक हाजिरी से वंचित न रहे।
बिना फ्रिस्किंग (जांच) के नहीं मिलेगी एंट्री
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्री ऋषभ गर्ग ने भी कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी परीक्षार्थी को बिना सघन जांच (Frisking) के परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। महिला परीक्षार्थियों की जांच और फ्रिस्किंग के लिए विशेष रूप से महिला पुलिस पदाधिकारियों और महिला पुलिस बल की तैनाती की गई है, ताकि सुरक्षा और मर्यादा दोनों का पूरा ध्यान रखा जा सके।
चप्पे-चप्पे पर रहेगी दंडाधिकारियों और पुलिस की नजर
इस परीक्षा को पूरी तरह से कदाचारमुक्त बनाने के लिए परीक्षा केंद्रों पर स्टैटिक दंडाधिकारी, पेट्रोलिंग दंडाधिकारी और उड़नदस्ता (Flying Squad) दंडाधिकारियों के साथ-साथ पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति की गई है। ब्रीफिंग के दौरान एडीएम (लॉ एंड ऑर्डर) श्री राहुल जी आनंद जी और धालभूम के अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) श्री अर्नव मिश्रा भी विशेष रूप से मौजूद रहे। उन्होंने सभी प्रतिनियुक्त अधिकारियों को परीक्षा समाप्ति तक पूरी ईमानदारी और मुस्तैदी से अपने दायित्वों का निर्वहन करने का निर्देश दिया है।





