
जमशेदपुर: CGC यूनिवर्सिटी, मोहाली ने योग्य छात्रों को उच्च शिक्षा में सहायता प्रदान करने के लिए ₹50 करोड़ का CGCUET स्कॉलरशिप प्रोग्राम सफलतापूर्वक लॉन्च किया। यह भव्य कार्यक्रम जमशेदपुर स्थित एक होटल में आयोजित किया गया, जिसमें यूनिवर्सिटी ने ‘प्रिंसिपल्स और टीचर्स मीट’ का भी आयोजन किया। इस मौके पर 70 से अधिक प्रिंसिपल्स और वरिष्ठ शिक्षाविदों ने भाग लिया।
CGC यूनिवर्सिटी: उत्तर भारत की ‘न्यू-एज’ यूनिवर्सिटी
वर्ष 2012 में स्थापित, पूर्व में CGC झंजेरी के नाम से जानी जाने वाली CGC यूनिवर्सिटी, उत्तर भारत की अग्रणी AI-संचालित (AI-driven) शिक्षा प्रदान करने वाली विश्वविद्यालयों में से एक है। यूनिवर्सिटी का लक्ष्य है छात्रों को आधुनिक, तकनीकी और रोजगारोन्मुख पाठ्यक्रमों के माध्यम से सशक्त बनाना।
50 करोड़ की CGCUET स्कॉलरशिप की घोषणा
कार्यक्रम के दौरान शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए ₹50 करोड़ की CGCUET स्कॉलरशिप की आधिकारिक घोषणा की गई। यह स्कॉलरशिप स्नातक, स्नातकोत्तर और Ph.D. के इच्छुक छात्रों के लिए उपलब्ध होगी।
मुख्य उद्देश्य:
मेधावी छात्रों को सहायता प्रदान करना, विशेषकर आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि से आने वाले छात्रों।
सामाजिक और आर्थिक असमानता को दूर करना।
छात्रों को बिना किसी वित्तीय बाधा के उच्च शिक्षा पूरी करने का अवसर देना।
प्रिंसिपल्स और टीचर्स मीट: शिक्षकों की सक्रिय भागीदारी
‘प्रिंसिपल्स और टीचर्स मीट’ के दौरान मुख्य अतिथि पूर्व विधायक कुणाल षडंगी एवं यूनिवर्सिटी के जनरल मैनेजर एडमिशन और मार्केटिंग डॉ. हितेश कलोटा उपस्थित रहे। कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत दीप प्रज्ज्वलित कर की गई।
यूनिवर्सिटी की ओर से मुख्य अतिथि कुणाल षडंगी को पुष्प गुच्छ और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। इस दौरान नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) पर खुली चर्चा हुई और छात्रों के लिए सही कैंपस और पाठ्यक्रम चयन पर मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
शिक्षा के माध्यम से राष्ट्र निर्माण
सभा को संबोधित करते हुए कुणाल षडंगी और हितेश कलोटा ने संयुक्त रूप से कहा कि शिक्षकों की सक्रिय भागीदारी राष्ट्र और समाज के भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने जोर दिया कि किसी भी राष्ट्र की प्रगति शिक्षा के माध्यम से ही संभव है और छात्रों को सही दिशा देने में शिक्षकों की भूमिका अनिवार्य है।
इस पहल के माध्यम से CGC यूनिवर्सिटी ने यह संदेश दिया कि सक्षम शिक्षा और वित्तीय सहायता के साथ हर छात्र अपने सपनों को साकार कर सकता है और समाज में अपनी पहचान बना सकता है।




