
जमशेदपुर। झारखंड में किसानों की बदहाली और समस्याओं को लेकर भाजपा जमशेदपुर महानगर के तत्वावधान में बुधवार को जुगसलाई विधानसभा अंतर्गत पटमदा प्रखंड कार्यालय के समक्ष एकदिवसीय धरना दिया गया। जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष संजीव सिन्हा के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और किसान शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार की किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) के माध्यम से महामहिम राज्यपाल को एक ज्ञापन सौंपा।
भाजपा ने आरोप लगाया कि हेमंत सरकार ने चुनाव से पहले किसानों से किए गए वादों को पूरी तरह भुला दिया है। आज राज्य का अन्नदाता प्राकृतिक आपदा, आर्थिक संकट और सरकारी उपेक्षा की मार झेल रहा है।
भाजपा ने राज्यपाल से की ये मुख्य मांगें
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सौंपे गए ज्ञापन में भाजपा ने किसानों के हित में कई प्रमुख मांगें उठाई हैं, जिनमें शामिल हैं:
धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) $3200$ रुपये प्रति क्विंटल करना।
किसानों के बकाए का अविलंब भुगतान और प्राकृतिक आपदा से प्रभावित फसलों का मुआवजा।
मुफ्त और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना।
कोल्ड स्टोरेज एवं प्रोसेसिंग इकाइयों की संख्या बढ़ाना।
आधुनिक सिंचाई व्यवस्था विकसित करना और किसानों को $450$ रुपये में गैस सिलिंडर देना।
हेमंत सरकार पर दलालों को संरक्षण देने का आरोप
धरना को मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए पूर्व जिलाध्यक्ष अभय सिंह ने कहा कि हेमंत सरकार किसानों के साथ छल कर रही है। धान बेचने के महीनों बाद भी भुगतान लंबित है और खाद-बीज की कालाबाजारी खुलेआम हो रही है। उन्होंने अंचल कार्यालयों में जमीन के डिजिटलाइजेशन के नाम पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। साथ ही, मइयां सम्मान योजना को लेकर कहा कि सत्यापन के बहाने महिलाओं को भीषण गर्मी में ब्लॉक कार्यालयों के चक्कर कटवाए जा रहे हैं।
वहीं, प्रदेश उपाध्यक्ष सह पूर्व सांसद आभा महतो ने बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से बर्बाद हुई फसलों के लिए तत्काल मुआवजे की मांग की। पूर्व मंत्री दुलाल भुइयां ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि हेमंत सरकार किसानों की नहीं, बल्कि दलालों और बिचौलियों की सरकार बनकर रह गई है। हक न मिलने पर भाजपा गांव-गांव जाकर बड़ा जनआंदोलन खड़ा करेगी।
मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना बंद करने पर आक्रोश
महानगर अध्यक्ष संजीव सिन्हा ने कहा कि खेती आज भी मानसून पर निर्भर है और सरकार सिंचाई व्यवस्था सुदृढ़ करने में पूरी तरह विफल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि हेमंत सरकार ने पूर्ववर्ती भाजपा सरकार द्वारा शुरू की गई ‘मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना’ को बंद कर किसानों के पेट पर लात मारी है। यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
इस धरने में दिनेश कुमार, मनोज सिंह, नीरज सिंह, प्रदीप महतो, संजीव कुमार, प्रदीप बेसरा, मुचिराम बाउरी और कृष्णपद सिंह सहित पटमदा, बोड़ाम, एमजीएम, मानगो और बिरसानगर मंडल के दर्जनों पदाधिकारी और सैकड़ों किसान उपस्थित थे।



