जमशेदपुर ।
बिष्टुपुर स्थित डबल डाउन (DD) बार के बाहर हुई हालिया हिंसक वारदात के बाद शहर का माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है। संभावित बवाल, धरना-प्रदर्शन और कानून-व्यवस्था बिगड़ने की प्रबल आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन ने एक बड़ा और सख्त कदम उठाया है। धालभूम के अनुमंडल दंडाधिकारी (SDM) अर्नव मिश्रा ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 (जिसे पहले सीआरपीसी की धारा 144 के रूप में जाना जाता था) के तहत शहर के कई प्रमुख थाना क्षेत्रों में निषेधाज्ञा लागू कर दी है।
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इन प्रमुख थाना क्षेत्रों में लागू हुई निषेधाज्ञा
प्रशासन को खुफिया तंत्र और विभिन्न स्रोतों से यह पुख्ता सूचना मिली थी कि बार विवाद को लेकर कुछ संगठनों द्वारा धरना-प्रदर्शन, रोड जाम, जनसभा या जुलूस निकालने की तैयारी की जा रही है। इससे शहर की लोक शांति और कानून-व्यवस्था बुरी तरह भंग हो सकती है। इसे तत्काल रोकने के लिए साकची, बिष्टुपुर, सोनारी, कदमा, एमजीएम (MGM) और मानगो थाना क्षेत्रों में यह निषेधाज्ञा लागू की गई है। यह आदेश 1 जुलाई 2026 से अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा।
शहर में इन गतिविधियों पर रहेगी सख्त मनाही
प्रशासन द्वारा जारी इस आधिकारिक आदेश के अनुसार, प्रभावित क्षेत्रों में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई तरह की कड़ी पाबंदियां लगाई गई हैं:
किसी भी प्रकार का धरना, प्रदर्शन, घेराव, जनसभा या पुतला दहन करना पूरी तरह से वर्जित होगा।
किसी भी व्यक्ति के लिए अस्त्र-शस्त्र, लाठी-डंडे, तीर-धनुष, गड़ासा या भाला आदि लेकर सड़क पर निकलने पर सख्त पाबंदी होगी।
बिना पूर्व प्रशासनिक अनुमति के किसी भी तरह के ध्वनि विस्तारक यंत्र (लाउडस्पीकर) का उपयोग नहीं किया जा सकेगा।
उपद्रव, रोड जाम या शांति भंग करने के उद्देश्य से किसी भी स्थान पर पांच या पांच से अधिक व्यक्तियों के एक साथ जमा होने (भीड़ लगाने) पर रोक रहेगी।
इन्हें दी गई है आदेश से विशेष छूट
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह निषेधाज्ञा आवश्यक सेवाओं में लगे लोगों पर लागू नहीं होगी। ड्यूटी पर तैनात दंडाधिकारियों, पुलिस पदाधिकारियों, चिकित्साकर्मियों और मीडियाकर्मियों को इस आदेश से मुक्त रखा गया है। स्थिति की संवेदनशीलता, तत्कालता और समय की कमी को देखते हुए यह आदेश अनुमंडल दंडाधिकारी द्वारा एकपक्षीय (Ex-parte) रूप से पारित किया गया है। शहरवासियों से अफवाहों पर ध्यान न देने, शांति बनाए रखने और प्रशासन का पूर्ण सहयोग करने की अपील की गई है।