
जमशेदपुर: कोल्हान और आसपास के क्षेत्रों में हो रही लगातार भारी बारिश के चलते जमशेदपुर शहर पर बाढ़ (Flood in Jamshedpur) का गंभीर खतरा मंडराने लगा है। मंगलवार, 18 अगस्त 2026 को शहर की दोनों प्रमुख नदियां—स्वर्णरेखा (Subernarekha River) और खरकई (Kharkai River)—उफान पर हैं और खतरे के निशान को पार कर गई हैं। हालात की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी कर दिया है। प्रशासन ने निचले इलाकों, नदी तटों और जलजमाव वाले क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों से विशेष अपील की है कि वे अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करते हुए प्रशासन द्वारा चिन्हित किए गए सुरक्षित आश्रय स्थलों (Relief Shelters) में तत्काल शरण लें।


खतरे के निशान से कितना ऊपर है जलस्तर? (शाम 4 बजे की रिपोर्ट)
बाढ़ नियंत्रण कक्ष, सुवर्णरेखा भवन (आदित्यपुर) द्वारा जारी किए गए आधिकारिक डेटा की शाम 4:00 बजे की रिपोर्ट के अनुसार, दोनों नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है
खरकई नदी (Kharkai River): आदित्यपुर ब्रिज साइट पर नदी का डेंजर लेवल (खतरे का निशान) 129.00 मीटर है। लेकिन वर्तमान में नदी 134.37 मीटर पर बह रही है, जो खतरे के निशान से पूरे 5.37 मीटर ऊपर है।
स्वर्णरेखा नदी (Subernarekha River): मानगो ब्रिज साइट पर नदी का डेंजर लेवल 121.50 मीटर है। शाम 4 बजे इसका जलस्तर 122.96 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान से 1.46 मीटर ऊपर है।
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प्रशासन सख्त: “निचले इलाकों और नदियों से दूर रहें नागरिक”
बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने बचाव और राहत कार्यों की तैयारियां तेज कर दी हैं।
सतत निगरानी: सभी नगर निकायों (Municipal Bodies) को हाई अलर्ट मोड में रखा गया है। अधिकारियों को तटबंधों और जलमग्न हो सकने वाले इलाकों की सतत निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।
नागरिकों से अपील: प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे सुरक्षित और ऊंचे स्थानों पर ही रहें। किसी भी परिस्थिति में नदी की ओर जाने, स्नान करने या सेल्फी लेने का जोखिम न उठाएं। जिन इलाकों में पानी घुसने की आशंका है, वहां के लोग समय रहते अपने कीमती सामान के साथ राहत शिविरों में शिफ्ट हो जाएं।



