
कौशिक घोष चौधरी
जमशेदपुर।
सूर्य देव की उपासना का महापर्व छठ शुरू हो चुका है। त्याग, आस्था, विश्वास व संस्कार के महापर्व छठ पर टेल्को क्षेत्र में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। कार्तिक शुक्लपक्ष की षष्ठी तिथि पर बृहस्पतिवार को शाम टेल्को क्षेत्र के घाट लोगों से गुलजार रहे।व्रती महिलाओं ने कमरभर पानी में प्रवेश कर अस्ताचलगामी (डूबते) सूर्य को अघ्र्य देकर पुत्र, परिवार और कुल के मंगल की कामना की।
वहीं, शहर के घाटों पर दोपहर बाद से डाला छठ पर निर्जला व्रत रखने वाली महिलाओं व उनके परिवार के सदस्यों का जमघट होने लगा। बता दें कि चार दिन तक चलने वाले इस त्योहार में भगवान सूर्य की आराधना की जाती हैं। 24 अक्टूबर को नहाय खाय के साथ शुरू हुआ ये पर्व सप्तमी को उगते सूर्य को अर्घ्य देने के साथ ही समाप्त होगा।इस पर्व में भगवान सूर्य की पूजा का काफी महत्व है। पहला अर्घ्य आज अस्त होते सूरज को दिया जाएगा। शुक्रवार को श्रद्धालुओं ने षष्ठी के दिन व्रतीजल में उतरकर डूबते सूरज को अर्घ्य दिया।
प्रात:कालीन अर्घ्य: 27 अक्टूबर (शुक्रवार)
प्रात:कालीन अर्घ्य का समय: प्रात: 5:47 बजे से शुरू
यह होती है पूजन-सामग्री
-बांस या पितल की सूप
-बांस से बने दौरा, डलिया और डगरा
-पानी वाला नारियल
-पत्ता लगा हुआ गन्ना
-सुथनी
-शकरकंदी
-हल्दी और अदरक का पौधा
-नाशपाती
-बड़ा नींबू, समेत कई पूजन सामग्री शामिल हैं।



