
जमशेदपुर।
पूर्वी सिंहभूम जिला में पिछले तीन दिनों तक लगातार हुई बारिश से स्वर्णरेखा व खरकई नदी उफान पर थी। स्वर्णरेखा जहां खतरे के निशान से नीचे बह रह रही थी वहीं खरकई कई घंटों तक खतरे के निशान के ऊपर रही जिससे नदी के तटीय इलाके बागबेड़ा क्षेत्र के कई घरों में पानी घुस गया था । वर्तमान में खरकई के डूब क्षेत्र की क्या स्थिति है इसका जायजा लेने के लिए जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजन्त्री द्वारा बड़ौदा घाट एवं इससे सटे नया बस्ती का दौरा किया गया । मौके पर उप विकास आयुक्त श्री मनीष कुमार समेत प्रशासन व पुलिस के अन्य पदाधिकारी व एनडीआरएफ की टीम मौजूद रही । जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त ने बताया कि 2 अगस्त की रात ओड़िशा के बंकाबल एवं खरकई डैम के दो-दो गेट खोले जाने से बागबेड़ा के निचले इलाकों के कई घरों में पानी घुस गया था हालांकि गिरते जलस्तर के साथ अब स्थिति काफी सामान्य है ।
निरीक्षण के क्रम में जिला दण्डाधिकारी-सह- उपायुक्त सबसे पहले बड़ौदा घाट पहुंचे जहां उन्होने स्थानीय लोगों से बातचीत कर प्रशासन द्वारा उठाये जा रहे कदमों से अवगत कराया तथा उनकी समस्याओं को भी संवेदनापूर्वक सुना । उन्होने स्थानीय लोगों को आश्वस्त किया कि जिला प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाये हुए है, घबराने की आवश्कता नहीं है। उन्होने सभी से अपील किया कि ऐसी परिस्थिति में प्रशासन द्वारा दिए जाने वाले सभी दिशा-निर्देशों का अनुपालन जरूर करें । इस दौरान मौके पर मौजूद पदाधिकारिंयों को डूब क्षेत्र में ब्लिचिंग पाउडर का छिड़काव कराने के नालों की साफ-सफाई का निदेश दिया गया ताकि हल्कि बारिश की स्थिति में गली-मोहल्लों में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न नहीं हो। मौके पर निदेशक डीआरडीए सौरभ सिन्हा, अपर उपायुक्त जयदीप तिग्गा, एसओ जेएनएसी संजय कुमार, बीडीओ प्रवीण कुमार, सीओ अमित श्रीवास्तव व अन्य मौजूद रहे।



