
जमशेदपुर / रांची: झारखंड में जेपीएससी (JPSC) और जेएसएससी (JSSC) परीक्षाओं में कथित धांधली को लेकर सुलग रही आग अब पूरे राज्य में फैल गई है। सोमवार को रांची में शांतिपूर्ण तरीके से विधानसभा घेराव करने जा रहे छात्रों पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज, टियर गैस (आंसू गैस) और पानी की बौछार के विरोध में आज (11 अगस्त) जमशेदपुर सहित पूरे झारखंड में बंद (Jharkhand Bandh) का आह्वान किया गया है। भाजपा पूर्वी सिंहभूम के जिला प्रभारी सह पूर्व जिला अध्यक्ष दिनेश कुमार (Dinesh Kumar) ने छात्रों पर हुई इस दमनकारी कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए हेमंत सरकार पर जोरदार हमला बोला है और पूरे मामले की तत्काल सीबीआई (CBI) जांच की मांग की है।


11 अगस्त को झारखंड बंद: ‘न्याय की लड़ाई रहेगी जारी’
छात्रों पर हुए बल प्रयोग के खिलाफ राज्यभर के युवाओं और राजनीतिक दलों में भारी आक्रोश है। इसी दमनात्मक कार्रवाई के विरोध में 11 अगस्त को झारखंड बंद बुलाया गया है। आंदोलनकारियों और विपक्षी नेताओं का स्पष्ट कहना है कि रांची में अपने हक और अधिकार की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई कार्रवाई बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। लाठी और दमन से छात्रों की आवाज नहीं दबेगी और जब तक युवाओं को न्याय नहीं मिल जाता, यह लड़ाई सड़क से लेकर सदन तक जारी रहेगी।
‘लोकतंत्र पर प्रहार कर रही है हेमंत सरकार’ – दिनेश कुमार
भाजपा नेता दिनेश कुमार ने सरकार के तानाशाही रवैये की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा, “अपने हक और अधिकार की मांग को लेकर लोकतांत्रिक तरीके से विधानसभा घेराव करने पहुंचे छात्रों पर टियर गैस का इस्तेमाल करना बेहद निंदनीय है। रांची की सड़कों पर छात्रों पर आंसू गैस, पानी की बौछार और लाठी का इस्तेमाल यह दर्शाता है कि सरकार छात्रों की आवाज सुनने के बजाय उसे कुचलने का प्रयास कर रही है।” उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि दमन से छात्रों का हौसला नहीं टूटेगा। लोकतंत्र में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रखना हर नागरिक का अधिकार है।
CBI जांच से ही बहाल होगा छात्रों का विश्वास
दिनेश कुमार ने JPSC और JSSC से जुड़े मामलों में छात्रों की आशंकाओं को जायज ठहराया। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस पूरे विवाद का समाधान पारदर्शी और निष्पक्ष जांच से ही संभव है। दिनेश कुमार ने सरकार से मांग की है कि वह छात्रों के खिलाफ इस दमनात्मक कार्रवाई को तत्काल बंद करे, उनकी मांगों पर गंभीरता से संवाद स्थापित करे और JPSC-JSSC मामले की निष्पक्ष CBI जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करे, ताकि छात्रों का विश्वास बहाल हो सके।


