
जमशेदपुर में नशे के अवैध कारोबार और ड्रग्स माफियाओं के खिलाफ जिला प्रशासन ने पूरी तरह से कमर कस ली है। जमशेदपुर जिला स्तरीय नार्कोटिक्स समन्वय समिति (NCORD) की बैठक में मादक पदार्थों की तस्करी पर सख्ती से अंकुश लगाने और युवाओं को जागरूक करने के लिए कई बड़े फैसले लिए गए। समाहरणालय सभागार में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त राजीव रंजन ने की। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि नशीले पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने का काम नहीं है, बल्कि यह हमारे समाज और युवाओं के भविष्य को बचाने की एक गंभीर लड़ाई है। उपायुक्त ने सभी विभागों को आपसी तालमेल बिठाकर इस पर कड़ा एक्शन लेने का निर्देश दिया है।
संदिग्ध इलाकों में चलेगी नियमित छापेमारी, मजबूत होगा सूचना तंत्र
बैठक के दौरान शहर के हॉटस्पॉट और संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर वहां विशेष निगरानी रखने का आदेश दिया गया है। पुलिस और उत्पाद विभाग (Excise Department) अब मिलकर संयुक्त रूप से नियमित छापेमारी अभियान चलाएंगे। प्रशासन ने अपने खुफिया और सूचना तंत्र को और अधिक मजबूत करने पर जोर दिया है, ताकि मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध भंडारण (Storage) और बिक्री में शामिल अपराधियों को रंगे हाथों पकड़ा जा सके। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि इस काले कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
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स्कूल-कॉलेजों के पास रहेगी पैनी नजर, चलेंगे जागरूकता अभियान
युवाओं और छात्रों को नशे के चंगुल से सुरक्षित रखने के लिए जिला प्रशासन शैक्षणिक संस्थानों के आसपास विशेष सतर्कता बरतेगा। उपायुक्त ने निर्देश दिया है कि जमशेदपुर के सभी स्कूलों और कॉलेजों के 100 मीटर के दायरे में किसी भी तरह के नशीले पदार्थों की बिक्री न हो। इसके साथ ही, विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए विभिन्न शिक्षण संस्थानों में व्यापक जागरूकता कार्यक्रम और सेमिनार आयोजित किए जाएंगे।
पुनर्वास केंद्रों की सक्रियता और त्वरित जांच पर जोर
बैठक में नशा मुक्ति एवं पुनर्वास सेवाओं (Rehabilitation Centers) को अधिक सक्रिय और सुलभ बनाए रखने पर चर्चा हुई, ताकि भटके हुए युवाओं को मुख्यधारा में वापस लाया जा सके। इसके अलावा, मादक पदार्थों से जुड़े जितने भी आपराधिक मामले दर्ज हैं, उनमें पुलिस को त्वरित अनुसंधान (Fast-track Investigation) पूरा करने को कहा गया है। सभी संबंधित विभागों से इस पर नियमित रूप से प्रोग्रेस रिपोर्ट मांगी गई है।
आम जनता इन नंबरों पर सीधे दे सकती है जानकारी
उपायुक्त ने जमशेदपुर के आम नागरिकों से अपील की है कि वे इस सामाजिक बुराई को खत्म करने में प्रशासन का सहयोग करें। यदि किसी को भी नशीले पदार्थों के अवैध व्यापार, सेवन या परिवहन (Smuggling) की जानकारी मिलती है, तो वे तुरंत इसकी सूचना दे सकते हैं। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी।
टोल फ्री नंबर: 112
पुलिस कंट्रोल रूम नंबर: 0657-2431028
इस उच्च स्तरीय बैठक में रूरल एसपी शुभम खंडेलवाल, एसडीएम धालभूम अर्नव मिश्रा, एएसपी ऋषभ त्रिवेदी, डीटीओ धनंजय, एसडीओ घाटशिला सुनील चंद्र, सिविल सर्जन के प्रतिनिधि और ड्रग इंस्पेक्टर सहित कई अन्य विभागीय पदाधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित थे।


