
जमशेदपुर में ट्रेनों के लगातार देरी से चलने के कारण आम जनता और रेल यात्रियों का सब्र अब टूट चुका है। ट्रेनों की लेट-लतीफी और बदहाल व्यवस्था के विरोध में रेल यात्री संघर्ष समिति ने मंगलवार को जमशेदपुर के मानगो चौक पर एक विशाल हस्ताक्षर अभियान चलाया। इस अभियान में भारी संख्या में स्थानीय नागरिकों, दैनिक यात्रियों और विभिन्न संगठनों से जुड़े सैकड़ों लोगों ने हिस्सा लेकर रेलवे प्रशासन के खिलाफ अपना आक्रोश दर्ज कराया।
जनआंदोलन की कमान: कुलविंदर सिंह पन्नू और पप्पू सिंह ने संभाला मोर्चा
इस विरोध प्रदर्शन और हस्ताक्षर अभियान की रूपरेखा बेहद सुनियोजित थी। कार्यक्रम के मुख्य संयोजक कुलविंदर सिंह पन्नू की देखरेख में पूरा अभियान चलाया गया, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता पप्पू सिंह ने की। मानगो चौक पर राहगीरों और यात्रियों को ट्रेनों की लेटलतीफी से होने वाली परेशानियों के बारे में जागरूक किया गया, जिसके बाद सैकड़ों लोगों ने स्वेच्छा से आगे आकर विरोध पत्र पर अपने हस्ताक्षर किए।
‘समय पर ट्रेन चलाए रेलवे, वरना थमेगा नहीं आंदोलन’
हस्ताक्षर अभियान के दौरान उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए रेल यात्री संघर्ष समिति के संयोजक शिव शंकर सिंह, सुबोध श्रीवास्तव और अजय कुमार ने रेलवे प्रबंधन को आड़े हाथों लिया। वक्ताओं ने दो टूक शब्दों में कहा:
“यात्रियों के समय की कोई कीमत नहीं समझी जा रही है। हमारी मांग बेहद स्पष्ट और जायज है कि रेलवे अपनी सभी ट्रेनों को निर्धारित समय पर चलाए। जब तक ट्रेनों का परिचालन समय से शुरू नहीं हो जाता, हमारा यह आंदोलन चरणबद्ध तरीके से जारी रहेगा।”
सफल संचालन और टीम की एकजुटता
इस पूरे कार्यक्रम का मंच संचालन विकास सहनी ने बेहद प्रभावी ढंग से किया, जबकि अभियान के समापन पर उपस्थित सभी लोगों का धन्यवाद ज्ञापन राजीव सिंह द्वारा किया गया।
इस हस्ताक्षर अभियान को धरातल पर सफल बनाने और जन-जन तक पहुंचाने में उषा यादव, नीरज सिंह, प्रवीण सिंह, मुश्ताक अहमद, लालू गौड़, दीपक गौड़, सिरिन अख्तर, विनोद सिंह, विजय सिंह, अशोक सिंह, अर्जुन यादव, अजीत सिंह, संतोष भगत, कृष्णा बेरा, सुदीप मुखर्जी, राजू सिंह, संजीव सिंह, योगेंद्र साव, अरुण श्रीवास्तव और बीरू सिंह आदि ने अपनी महती और सक्रिय भूमिका निभाई। समिति ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में रेल चक्का जाम जैसा उग्र आंदोलन किया जाएगा।



