
सरायकेला: आदित्यपुर क्षेत्र में महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और सार्वजनिक स्थलों पर शांति व व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह से रेस हो गया है। लगातार मिल रही शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए सरायकेला के अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) अभिनव प्रकाश ने अचानक क्षेत्र के विभिन्न स्थानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सर्विस लेन और मुख्य मार्गों के किनारे खुलेआम शराब का सेवन करने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ प्रशासन का डंडा चला और बेहद सख्त कार्रवाई की गई।
महिलाओं की शिकायतों पर त्वरित संज्ञान
पिछले कुछ समय से प्रशासन को सरायकेला और आदित्यपुर के विभिन्न इलाकों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि शाम ढलते ही सर्विस लेन और सुनसान रास्तों पर असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लग जाता है। ये लोग खुलेआम सड़क किनारे अपनी महफिल सजाते हैं और शराब का सेवन करते हैं। इससे रास्ते से गुजरने वाली महिलाओं, युवतियों और आम राहगीरों को भारी असहजता और असुरक्षा का सामना करना पड़ता है। इन गंभीर शिकायतों पर त्वरित संज्ञान लेते हुए अनुमंडल पदाधिकारी अभिनव प्रकाश ने खुद सड़क पर उतरकर मोर्चा संभाला।
सर्विस लेन पर शराबियों में मचा भारी हड़कंप
एसडीओ अभिनव प्रकाश जब दल-बल के साथ औचक निरीक्षण के लिए निकले, तो सर्विस लेन और सड़क किनारे शराब पी रहे लोगों में भारी हड़कंप मच गया। कई लोग तो प्रशासन की गाड़ी देखते ही शराब की बोतलें छोड़कर भाग खड़े हुए, जबकि कईयों को मौके पर ही धर-दबोचा गया। इस छापामारी और निरीक्षण अभियान के दौरान एसडीओ ने सड़क किनारे शराब पीने और हुड़दंग करने वालों की जमकर क्लास लगाई।
दी गई कड़ी चेतावनी, दोबारा पकड़े जाने पर होगी जेल
मौके पर पकड़े गए सभी लोगों को अनुमंडल पदाधिकारी ने फिलहाल सख्त अंतिम चेतावनी देकर छोड़ा है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सार्वजनिक स्थानों, सर्विस लेन या सड़कों के किनारे किसी भी प्रकार का नशा करना या शराब पीना कानूनी अपराध है। एसडीओ ने चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थल पर शराब पीते या माहौल खराब करते हुए पकड़ा गया, तो उसके खिलाफ सीधे एफआईआर (FIR) दर्ज कर उसे जेल की सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
सार्वजनिक स्थलों को सुरक्षित बनाने का कड़ा निर्देश
निरीक्षण अभियान के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी अभिनव प्रकाश ने स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को भी कड़े दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा प्रशासन के लिए सर्वोपरि है, इसलिए यह सुनिश्चित किया जाए कि सार्वजनिक स्थल पूरी तरह से सुरक्षित और व्यवस्थित रहें। उन्होंने शाम के समय पुलिस गश्त (Patrolling) बढ़ाने और ऐसे हॉटस्पॉट को चिन्हित कर नियमित चेकिंग अभियान चलाने का निर्देश दिया, ताकि आम जनता और विशेषकर महिलाओं के मन में सुरक्षा का भाव मजबूत हो सके। प्रशासन की इस त्वरित और सख्त कार्रवाई से स्थानीय लोगों ने काफी राहत महसूस की है।


