
जमशेदपुर।
भारतीय जनता पार्टी से पार्टी के वरीय नेताओं के निष्कासन को लेकर आज संध्या 6 बजे बिष्टुपुर स्थित कार्यालय में बैठक हुई। बैठक में भाजपा के वरीय नेताओं ने झारखंड प्रदेश के अध्यक्ष श्री लक्ष्मण गिलुवा द्वारा मुख्यमंत्री के स्वयंभू निर्देश पर जमशेदपुर महानगर के वरीय नेताओं का एकतरफा निर्णय लेकर निष्कासन किये जाने को लेकर विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गयी। चर्चा के बाद निष्कर्ष निकला कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर पार्टी से वरीय नेताओं का निष्कासन पार्टी संविधान का घोर उल्लंघन है। बिना अनुशासन समति की बैठक किए तथा बिना पूर्व नोटिस दिए निष्कासन उनकी तानाशाही का प्रतीक है। भाजपा की विचारधारा सुदृढ़ एवं धरातल पर कार्य करने वाली संगठन बनाना है। वर्षों से पार्टी के कार्यों में तन-मन-धन से लगे कार्यकर्ताओं ने आज भाजपा को शीर्ष तक पहुँचाया है। परंतु पिछले एक दशक से झारखंड में संगठन कागज के पन्नों पर सिमटता चला गया है। हद तो तब हो गयी जब संगठन एक व्यक्ति की तानाशाही की भेंट चढ़ गया और कार्यकर्ताओं की बात तक नहीं सुनी गयी। जब पार्टी के मूल व वरीय कार्यकार्ताओं ने मुख्यमंत्री से उनके कुकृत्य पर सवाल खड़ा किया और कार्यकर्ताओं ने उन्हें बताया कि कार्यकर्ता तो संगठन तक सिमित है परंतु जनता लोकतंत्र का मालिक एवं रक्षक दोनों है। इन सभी बातों को दरकिनार करते हुए उल्टे वरीय नेताओं की ही प्रतिष्ठा धूमिल की जाने लगी। पूर्वी विधानसभा में तानाशाही व परिवारवाद से कार्यकर्ता व जनता परेशान थी और बदलाव चाहती थी। इसलिए इस बार पूर्वी विधानसभा से जनता चुनाव लड़ रही थी। मुख्यमंत्री को अपनी हार का अंदेशा हो गया है इसलिए अपनी हार की हताशा से घबराकर आनन फानन में अविवेकपूर्ण निर्णय लेकर दल का सत्यनाश करने की ओर कदम बढा़या है। बैठक में उपस्थित सभी वरीय नेताओं ने कहा कि वे सभी भाजपा के मूल चरित्र के साथ खड़े हैं और यह बदलाव भाजपा के लिए मील का पत्थर साबित होगा। वे सभी पूर्वी विधानसभा में लगे कार्यकर्ताओं एवं आम जनता से अनुरोध करते हैं कि पार्टी को सुदृढ़ एवं धरातल पर कार्यकर्ता आधारित दल के रूप में पुनः अपनी प्रिय पार्टी को मजबूती से खड़ा करें एवं दलाल किस्म के लोगों को खदेड़ने का काम करें। मुुख्यमंत्री रघुवर दास की हार निश्चि है, अब बहुत जल्द कार्यकार्ता एवं आम जनता को पूर्वी विधानसभा में भय मुक्त एवं संस्कार युक्त वातावरण मिलेगा।


इस बैठक में सुबोध श्रीवास्तव, रामनारायण शर्मा, मुकुल मिश्रा, असीम पाठक, रतन महतो, रजनीकांत सिन्हा, आर के दुबे, डी डी त्रिपाटी, अजय सिन्हा सहित भाजपा के कई वरीय नेता उपस्थित थे।

