
सरायकेला


राजनगर में पांच साल पहले हुई थी बच्ची की हत्या
सरायकेला के प्रधान न्यायाधी की अदालत ने सुनाई सजा
राजनगर में छह साल की बच्ची से दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या करने वाले दुर्गा सिंह उर्फ भोटा नामक युवक को मंगलवार को सरायकेला के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने फांसी की सजा सुनाई है।
10 नवम्बर 2011 को राजनगर के बेड़ाकुदर गांव निवासी चन्दू सोरेन ने स्थानीय उन्नीस वर्षीय युवक दुर्गा सोरेन उर्फ भोटा पर मामला दर्ज कराया था कि उसने उसकी बेटी की दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी है। प्राथमिकी के अनुसार 8 नवम्बर 2011 की शाम वह बेड़ाकुदर चौक के पास था तो देखा कि उसकी बेटी और दो बच्चे मंशा सोरेन और निकिता को भोटा खेलने के बहाने अपने साथ ले गया। उसके बाद उसकी बेटी लौटकर नहीं आयी। खोजबीन के क्रम में उसी दिन उसका शव रखाडुंगरी के खेत में नग्न अवस्था में मिला था।
दुष्कर्म के बाद कर दी थी हत्या
बच्ची की दुष्कर्म के बाद हत्या की गयी थी। इसके बाद उसने दुर्गा सोरेन उर्फ भोटा के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई गई। उसी वक्त दुर्गा को गिरफ्तार कर लिया गया। भोटा और पीड़िता के कपड़ों पुलिस ने चिकीत्सीय जांच के लिए भेजा था।
पर्याप्त साक्ष्य पुलिस ने किए पेश
इधर, पोस्टमार्टम में भी बच्ची से दुष्कर्म के बाद हत्या किए जाने की पुष्टि हुई थी। इस मामले के अनुसंधानकर्ता दारोगा केएन ठाकुर थे। उन्होंने दुष्कर्म और हत्या के मामले में पर्याप्त साक्ष्य के साथ आरोप पत्र कोर्ट में पेश किए थे। मंगलवार को अदालत ने इस मामले को रेयर ऑफ रेयरेस्ट केस माना और दुष्कर्मी तथा हत्यारे को फांसी की सजा सुनायी। इस मामले में अभियोजन पक्ष से लोक अभियोजक विभुति पंजियारा पैरवी कर रहे थे

