
16.49 करोड़ समझौता के तहत हुए प्राप्त
जमशेदपुर : राष्ट्रीय विधिक सेवाएं प्राधिकार के निर्देश पर पूरे देश में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत के तहत शनिवार को सिविल कोर्ट जमशेदपुर में भी राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया. जिसमें विभिन्न बेंचों में अलग-अलग प्रकृति के कूल 778 मामले निष्पादित किए गए. जिसमें प्री-लिटिगेशन के 430 तथा कोर्ट में विचाराधीन 348 मामले शामिल हैं. प्री-लिटिगेशन से जुड़े मामलों में समझौता के तहत 13 करोड़, 90 लाख, 29 हजार 758 रुपये प्राप्त हुए. जबकि अदालत में विचाराधीन 348 मामलों के निष्पादन से राजस्व के रुप में 2 करोड़, 59 लाख, 27 हजार 810 रुपये प्राप्त हुए. वादों के निपटारे के लिए न्यायिक एवं गैर न्यायिक पदाधिकारियों की दर्जनभर पीठें गठित की गई थी. जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव नितीश निलेश सांगा ने बताया कि प्री-लिटिगेशन के तहत बैंक लोन से जुड़े 203 मामले समझौता के तहत निपटाए गए. जिससे बैंक को 1 करोड़, 29 लाख, 34 हजार 788 रुपये प्राप्त हुए. इसी तरह कोर्ट में विचाराधीन सुलह योग्य आपराधिक 174 मामलों के निपटारे से राजस्व के रुप में 13 लाख, 18 हजार 650 रुपया प्राप्त हुआ. जबकि बिजली बिल, पेयजल बिल आदि से जुड़े 126 मामलों के निष्पादन से 8 लाख, 79 हजार, 160 रुपया प्राप्त हुआ. जबकि मोटर दुर्घटना दावा बीमा से जुड़े 31 मामलों के निष्पादन के बाद बीमा कंपनियों ने 2 करोड़, 37 लाख, 30 हजार रुपये का भुगतान किया.
इससे पहले प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मनोज प्रसाद ने दीप जलाकर लोक अदालत की शुरुआत की. इस दौरान उन्होंने उपस्थित पक्षकारों को संबोधित करते हुए कहा कि लोक अदालत वादों के निष्पादन का एक उचित फोरम है. जहां आपसा सहमति से मामले सुलझाए जाते हैं. उन्होंने पक्षकारों से इसका लाभ लेने की अपील की



