


संजय कुमार सुमन
’’पोठी पढ़ि-पढ़ि जग मुआ पंडित भया न कोय,ढ़ाई आखर प्रेम का जो पढ़े सो पंडित होए।’’
कबीर का यह दोहा प्रेम की दृढ़ता को परिभाषित करता है। इन्हीं ढाई आखरों ने दुनिया को दो भागों में बांट रखा है। इधर देश में लगातार घटनाएं घट रही है। प्रेमी परिंदे कहीं उड़ान भर रहे हैं तो कहीं उड़ान भरने को बेताब है। उनके साथ जमाने का सलूक भी हमारे सामने है। कहीं प्रेमी युगलों के ख्वाब टूट रहे हैं तो कहीं अभिभावकों के अरमान। प्रेम हृदय की गीली मिट्टी में छिपी संवेदना के तार का रहस्य खोलता है और जग को यह संदेश देता है कि नफरत की बुनियाद पर नहीं। प्यार की नीवं पर संसार आगे बढ़ता है,सचमुच और समूह का भाव अपनाता है। पाने से अधिक देने का नाम प्रेम है।कितने भी तूफान आएं,झंझावात आए प्यार कभी मरा नहीं,कभी विलुप्त नहीं हुआ,धड़कता रहा दिलों में,गाता रहा यह प्यार। क्या प्रेम की यही प्रकृति और नियति है या फिर सारे रस्मो रिवाज तोड़कर दो प्रेमी हृदयों का एक हो जाना ही प्रेम की सार्थकता और चरम परिणति है। कहना कठिन है। वस्तुतः प्रेम अंतर्मन का कोमलतम भाव है। कवि कहता है ‘‘प्रेम न बाड़ी ऊपजै,प्रेम न हाट बिकाय।’’कश्मीरी सूफी कवि बुल्लेशाह कहते हैं‘‘चाहे मंदिर-मस्जिद तोड़ो, पर प्रेम भरा दिल कभी न तोड़ो ।’’ हमने प्यार और पाबंदी के इन्हीं संवेदनशील प्रसंगों को समेटा है।
समाज का तुगलगी फरमान………..
29 अक्टूबर 2016 को पूर्णिया जिले के रूपौली थाना क्षेत्र के बसंतपुर पंचायत के पथकेली गांव एक प्रेमी युगल को पंचायत ने पहले बुरी तरह पीटा, फिर दोनों को सिर मुड़वा कर गांव में घुमाया।कटिहार जिले के कदवा प्रखंड के गोपीनगर पंचायत के आशियानी गांव में देखा गया। भरी पंचायत ने प्रेमिका का बाल काटा और प्रेमी का सिर मुंड़वाकर गांव में गुमाया गया। इतना ही नहीं प्रेमिका और उसकी मां की पिटाई भी की गई। प्रेमी-प्रेमिका पर पंचायत ने जुर्माना भी लगाया।
मोहब्बत और बंदिशे—————
मुजफ्फरपुर मोतीपुर थाना क्षेत्र के फुलार निवासी स्व धूरूप सहनी की पुत्री सुपाली देवी की शादी सारण जिला के डोरीगंज थाना क्षेत्र के नरेश सहनी के पुत्र महेश सहनी से हुआ था ।
2014 मे हिन्दू रिति रिवाज से सम्पन्न हुआ था ।इसी बीच फुलार गाव के ह्रदय नारायण सिंह के पुत्र सुजित सहनी से हुआ। प्रेम प्रसंग चल रहा था। इसी बीच चार माह पूर्व घर से दोनो प्रेमी युगल जोडी घर से फरार हो गया और असाम जाकर कोट मैरेज कर लिया और दोनो असाम मे रहने लगे।
घर फुलार पहुंचते ही सूपाली देवी के परिजन सोपाली देवी के ससुराल पक्ष के उपर हमला बोल दिया। इस बीच सुपाली देवी के देवर संतोष कुमार सिंह कि जमकर पिटाई कर दिया ।
बीच बचाव करने सुपाली देवी आयी तो गला दबाकर हत्या का प्रयास किया ।
प्यार और साथ जीने-मरने की कसमें खाने वाले प्रेमी जोड़े ने एक-दूसरे का साथ निभाने के लिए घर से भागकर शादी की और लोगों के डर से छुप-छुपकर जीते रहे, लेकिन एक दिन घरवालों ने देख लिया और सरेआम दोनों की पिटाई कर दी। उनकी गलती बस इतनी थी कि दोनों एक जाति के नहीं थे और यह बात परिजनों को कुबूल नहीं थी।
घटना मुजफ्फरपुर जिले की है जहां इंटरकास्ट मैरिज करने वाले एक कपल की लड़की पक्ष के लोगों ने शनिवार की दोपहर धर्मशाला चौक पर पिटाई कर दी। दोनों परिजनों के भय से मंदिर में छिप गए।वहां भी हाथापाई की गई। घटना की सूचना मिलते ही टाइगर मोबाइल के जवान संतोष कुमार व एसपीओ मणि मौके पर पहुंचे। दोनों को थाने लाया गया। उम्र सत्यापन के बाद देर शाम दोनों को पीआर बांड पर छोड़ दिया गया। जानकारी के अनुसार, पुरानी बाजार सत्यनारायण मंदिर के पास रहने वाला गोलू कुमार मालीघाट की एक लड़की से प्रेम करता था। चार दिन पूर्व लड़की घर से बाजार को निकली। उसके बाद नहीं लौटी। परिजनों ने काफी खोजबीन की। लेकिन, पता नहीं चला। मोतिहारी में वह मंदिर में शादी कर चुका है। दोनों कोर्ट में भी शादी कर चुके हैं।लड़की का कहना था कि वह पति के साथ ही रहना चाहती है। उसकी उम्र 23 साल है। उसने पुलिस को अपना आधार कार्ड भी दिखाया।

अंतरजातीय विवाह और ऑनर किलिंग——————
सीवान जिले के महाराजगज के धोबवलिया गांव में पेड़ पर एक युवती और युवक का शव पेड़ से लटकता दिखा जिसपर सुबह-सुबह हर आने-जाने वाले की निगाह पड़ी। पेड़ पर लटकते शव को देखकर ग्रामीणों ने आशंका जाहिर की है कि यह ऑनर किलिंग का मामला है।
मिली जानकारी के मुताबिक दोनों मृतक गांव के ही बताये जा रहे हैं। दोनों का शव गांव के चंवर में रेलवे ट्रैक व नहर के बीच स्थित शीशम के पेड़ पर लटकता मिला है। सुबह जब लोग शौच के लिए चंवर की तरफ गए तो घटना की जानकारी हुई।
लोगों की मानें तो दोनों के बीच काफी अरसे से प्रेम प्रसंग चल रहा था लेकिन दोनों के अंतरजातीय होने की वजह से दोनों के परिवार वाले उनके खिलाफ थे। ये आशंका जतायी जा रही है कि दोनों की ऑनर किलिंग में हत्या की गई है।
मृतक गांव के बांके साह का इकलौता बेटा जितेन्द्र साह और मृतका इसी गांव के ईश्वर लाल शर्मा की बेटी सबिता कुमारी थी। जितेन्द्र गुजरात के सूरत में किसी कंपनी में काम करता था। वह गांव आकर सीधे लड़की से मिलने चला गया।
उसका बैग और अन्य सामान भी बरामद किया गया है। जानकारी के मुताबिक दोनों का प्रेम लड़की पक्ष और अन्य लोगों को नागवार लगता था। लड़की की मांग में भी सिंदूर लगा है जबकि कुछ सिंदूर उसके कपड़े पर भी बिखरे हैं। देखने से लग रहा कि अपने प्यार को अंजाम तक पहुंचाने के लिए दोनों से शादी की होगी उसके बाद दोनो की हत्या हो गयी।
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची है। थानाध्यक्ष मेराज हुसैन ने बताया कि पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। जल्द ही पूरी घटना का खुलासा हो जाएगा।
सिवान के महाराजगंज थानाक्षेत्र के धोबवलिया गांव में युवती के प्रेम संबंधों से नाराज एक परिवार ने अपने घर की लड़की और उसके प्रेमी दोनों की हत्या कर शव को पेड़ से लटका दिया। घटनास्थल पर सिंदूर बिखेर दिए ताकि लगे कि दोनों ने आत्महत्या की है। पुलिस ने जांच शुरू की तो शुरू में किसी ने मुंह नहीं खोला लेकिन बाद में सबकुछ साफ हो गया।
लड़के की मां की ओर से मिले आवेदन पर एफआइआर के बाद पुलिस ने युवती के पिता और उसके अन्य परिजनों को नामजद किया है। युवक सूरत में नौकरी करता था और घर आया था। इस बात का संदेह है कि लड़की के परिजनो ने उसे लड़की के जरिए संदेश भेजकर घर बुलाया था। इसकी जांच हो रही है।
युवक की पहचान गांव के स्व.बांकेलाल के पुत्र जितेन्द्र कुमार साह (24) के रूप में हुई है। वह अपने मां-बाप की इकलौती संतान था। उसके पिता की मौत काफी पहले हो चुकी है। युवती की पहचान उसी गांव के ईश्ववर लाल शर्मा की पुत्री सविता कुमारी (22) के रूप में हुई है। युवती के पिता को गिरफ्तार कर लिया गया है।
सुबह-सुबह शव मिलते ही मची सनसनी
ग्रामीणों को घटना की जानकारी सुबह में तब हुई जब कुछ लोग रेलवे लाइन की तरफ गए। इसके बाद पुलिस को खबर की गई। सूचना मिलते ही एसडीपीओ संजीत कुमार प्रभात और प्रभारी थाना अध्यक्ष संजीव कुमार पुलिस बल के साथ घटना स्थल पर पहुंचे और शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस ने ग्रामीणों से घटना के बावत जानकारी चाही तो जानना चाहा लेकिन ग्रामीण कुछ भी नहीं बता पाए।
पुलिस को बरगलाने की हुई कोशिश
युवती के घर वालों ने दोनों की हत्या के बाद पुलिस का घ्यान भटकाने के लिए सिंदूर बिखेर दिया था ताकि यह लगे कि दोनों ने शादी के बाद आत्महत्या कर ली है। घटनास्थल के पास जीतेंद्र का एयरबैग भी मिला जिसमें उसमें कपड़े और पांच हजार रुपये थे। पुलिस के मुताबिक बैग और उसमें मिले रुपये साजिश के तहत रखे गए थे ताकि लोगों को लगे कि दोनों ने भागने के क्रम में आत्महत्या की होगी।

