
पत्नी व परिजनों ने कहा गहरी साजिस के तहत की गई है हत्या
दिल्ली में सड़क किनारे बैहोशी की हालत में पुलिस ने अस्पताल में कराया था भर्ती,जहां हो गई मौत
सिमरी बख्तियारपुर(सहरसा) ब्रजेश भारती ।
अनुमंडल क्षेत्र के बनमा-ईटहरी प्रखंड के पहलाम गांव निवासी लोक जनशक्ति पार्टी दलित सेना के प्रदेश महासचिव रामकुमार पासवान की नई दिल्ली में हुई मौत तीन दिन बाद भी रहस्यमय बना हुआ है।
हलांकि रविवार को एम्बूलेंस से शव को पैतृक गांव पहलाम लाया गया जहां उसका अंतिम संस्कार उसके बड़े पुत्र आशिष कुमार ने मुखाग्नि देकर कर दी ।
परिजनों ने कहा जांच हो,साजिश के तहत हुई हत्या –
लोक जनशक्ति पार्टी के दलित सेना के युवा प्रदेश महासचिव रामकुमार पासवान के आकस्मिक मौत के बाद उनकी मौत पर उनकी पत्नी मीरा देवी ने व अन्य परिजनों ने सवाल खड़े किये है।पत्नी मीरा देवी ने बताया कि उनके पति की मौत पूरी तरह साजिश के तहत की गई हत्या है, इसलिए बिहार सरकार इस अनसुलझे मौत के कारणों की जांच कर स्थिति स्पष्ट करे. उन्होंने कहा कि बीते उन्नीस जनवरी को रामकुमार पासवान लोजपा सुप्रीमो रामविलास पासवान के तबियत खराब होने की जानकारी होने पर दिल्ली गये थे, बीते एक फरवरी की रात साढ़े दस बजे मुझे दिल्ली से दिल्ली पुलिस का फोन आया की एक व्यक्ति बेहोशी की हालत में अशोक सिनेमा के पास सड़क किनारे गिरे पड़े है।जिसके बाद मैने अपने बेटे आशीष को उसके चाचा के साथ दिल्ली भेजा।पत्नी ने कहा कि एक स्वस्थ व्यक्ति की अचानक मौत सवाल खड़े करती है इसलिए जांच जरुरी है.इधर, रामकुमार पासवान की मौत पर उसकी पत्नी मीरा देवी के साथ-साथ मृतक के भाई अंगद पासवान, मृतक के पुत्र आशीष कुमार और मृतक के पिता ने भी अविलंब जांच की मांग की है जिससे सच्चाई सबके सामने आ सके।
घटना के संबंध में मृतक के छोटे भाई अंगद पासवान ने बताया कि हमलोग जब दिल्ली पहुंचे तो पुलिस ने बताया कि रामकुमार पासवान सड़क किनारे बैहोशी की हालत में बैसूद पड़ा था सबसे पहले उसके जेब में पड़े मोबाईल से घर फोन कर घटना की सुचना दे उसे स्थानिय जगजीवन राम अस्पताल में ईलाज के लिये भर्ती कराया गया जहां स्थिती नाजूक होते देख बेहतर ईलाज के लिये लोकमान्य तिलक अस्पताल में भर्ती कराया गया।ईलाज के क्रम में ही 3 फरवरी को अहले सुबह उसकी मौत हो गई ।इस बीच उसके गांव से पुत्र,भाई व अन्य लोग वहां पहुंच गये तब तक शव को पोस्टमार्टम कर दी गई। अंगद पासवान ने बताया कि हमलोग ने डाक्टर से मौत का कारण जानना चाहा पर डाक्टरों का कहना था कि जब तक पोस्टमार्टम की पुरी रिपोर्ट नही आ जाती कुछ नही कहा जा सकता है ।इस घटना के बाद परिजनों में शोक की लहर के बीच पांच पुत्री व दो पुत्र के भविष्य को लेकर मृतक की पत्नी वेसूद पड़ी हर आने जाने वालों को सवालिया निगाह से देखती है।



