राज्यपाल एवं जिला प्रशासन के समक्ष पाच सूत्री मांगो को रखते हुए लगाई न्य़ाय की गुहार
जमशेदपुरः जिला प्रशासन द्वारा रेलवे ओवर ब्रिज के नाम पर जुगसलाई रेलवे फाटक के समीप से अस्थायी दुकानों को हटाए जाने को जुगसलाई दुकानदार संघ ने गैर कानूनी एवं गैर जिम्मेराना करार देते हुए एक दिवसीय धरना दिया. इस धरना में अस्थायी दुकानदारों के अलावा बुद्धिजीवीयों, समाजसेवियों एवं लगभग सभी दलों के प्रतिनिधियों ने अपना नैतिक समर्थन देते हुए सरकार से मानवीय आधार पर पुनर्विचार करते हुए उजाड़े गए दुकानदारों के प्रति सहानुभूती पूर्वक विचार करने की बातें कहीं. धरना कार्यक्रम की अध्यक्षता संघ के अधयक्ष अजीज गद्दी ने किया जबकि संचालन अब्बास अंसारी ने किया. इस दौरान दुकानदारों ने रेलवे प्रशासन से ब्रिज का नक्शा सार्वजनिक किए जाने एवं कितने दुकान प्रभावित होंगे उसे बताने की मांग की. उन्होंने बताया कि रेलवे द्वारा महज 42 लोगों को नोटिस जारी किया गया था जबकि 100 से भी अधिक दुकानों एवं खटालों को जिला प्रशासन द्वारा उजाड़ दिया गया. जबकि करीब सौ वर्षों से भी अधिक समय से उक्त स्थान पर दुकानें एवं खटाले थीं. जिसाक उल्लेख्य 1970 के सर्वे में भी दर्ज है बावजूद उक्त भूखंड को टाटा स्टील के नाम हस्तांतरित कर दिया गया. दुकानदारों ने मांग की कि जब- तक रेलवे ब्रिज निर्माण कार्य शुरू नहीं हो जाती दुकानदारों को अस्थायी तौर पर दुकान लगाने का अदेश जिला प्रशासन एवं राज्या सरकार जारी करे. इस दौरान काफी संख्या में दुकानदारों ने धरना कार्यक्रम में हिस्सा लिया
