
रांची।

झारखंड में पहली बार हो रहे ग्लोबल इंवेस्टर्स समिट के पहले दिन आज 30,000 करोड़ रुपये के निवेश पर सहमति बन गई. इसमें आदित्य बिड़ला समूह की ओर से पांच हज़ार करोड़, वेदांता की ओर से पांच हज़ार करोड़ और जिंदल स्टील की ओर से बीस हज़ार करोड़ के निवेश का प्रस्ताव आया जिसमें मुख्यमंत्री रघुवर दास ने अपनी सहमति दे दी.
आदित्य बिड़ला ग्रुप के चेयरमैन कुमार मंगलम बिड़ला ने कार्यक्रम में कहा कि वर्ष 1980 से ही झारखंड उद्योगों के लिए श्रेष्ठ रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में कंपनी यहां 5,000 करोड़ का निवेश करने की सोच रही है। आईडिया के 2 मिलियन ग्राहक झारखंड में हैं। कार्यक्रम में वेदांता कंपनी के हेड अनिल अग्रवाल ने कहा, “ये आयोजन मेरे लिए आज घर वापसी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रघुवर दास ने उन्हें रांची आने का न्योता दिया इसलिए उनके एक बार कहने पर ही मैं रांची आ गया। अनिल अग्रवाल ने कहा कि रामगढ़, हजारीबाग में हमारा बचपन गुजरा है। यहां की यादें सुनहरी हैं। हम इसी वर्ष यहां स्पंज आयरन क्षेत्र में 5 हजार करोड़ रुपये का निवेश करेंगे।
जेएसपीएल के चेयरमैन व जिंदल स्टील के निदेशक नवीन जिंदल ने कहा कि हमारी कंपनी ने यहां पहला निवेश पतरातू में किया था। झारखंड में असीम संभावनाएं हैं। यहां के लोग मेहनती और शिक्षित हैं। वे काम करना चाहते हैं। नवीन जिंदल ने कहा कि आने वाले वर्षों में पतरातू प्लांट का 6 मिलियन टन तक का विस्तार होगा। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में जिंदल झारखंड में 20 हजार करोड़ रुपये का निवेश करेगी।

