
▪️कुष्ठ रोगी का जल्द पहचान कर इलाज शुरू करने से दिव्यांगता से बचाया जा सकता है- डॉ साहिर पाल एसीएमओ,पूर्वी सिंहभूम।*
जमशेदपुर।


राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत चिकित्सा पदाधिकारियों का एक दिवसीय कुष्ठ रोग संबंधित उन्मुखीकरण शिविर का आयोजन सिविल सर्जन, सभागार में किया गया।
उक्त शिविर का उद्घाटन एसीएमओ सह जिला सर्विलांस पदाधिकारी डॉ0 साहिर पाल तथा जिला आरसीएच पदाधिकारी डॉ0 जुझार मांझी के द्वारा किया गया।डॉ0 साहिर पाल ने बताया कि कुष्ठ रोगियों से भी समान्य रोगी जैसा व्यवहार करने तथा नियमित रूप से एमडीटी दवा का सेवन करने से यह बिल्कुल ठीक हो सकता है।
डॉ0 मांझी ने मौके पर उपस्थित लोगों को कुष्ठ रोग के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि कुष्ठ रोग छुने से नहीं फैलता है और न यह पिछले जन्म का पाप से कोई संबंध है। इसका ईलाज सभी सरकारी स्वास्थ केन्द्रों में निशुल्क है तथा दवा एवं परामर्श भी निशुल्क उपलब्ध हैं ।उन्होंने बताया की कुष्ठ रोग का जल्द इलाज कराने से दिव्यांगता से बचाया जा सकता है ।
डेमियन फाउंडेशन के राज्य समन्वयक डॉ0 गौतम कुमार ने सभी प्रतिभागियों को कुष्ठ रोग के कार्डिनल साईन एंड सिम्पटम्स, भीएमटी,एसटी,सेल्फ केयर तथा रिकन्सट्राक्टिव सर्जरी के बारे में विस्तृत जानकारी दी। इस सर्जरी के द्वारा कुष्ठ रोगियों के हाथ, पैर तथा आँखों की दिव्यांगता को दूर किया जाता है।
सदर अस्पताल के चर्मरोग विशेषज्ञ डॉ0 निकिता गुप्ता ने भी कुष्ठ रोग के बारे मे संक्षेप में बताया तथा उसका उपचार भी बताया।
आज के इस उन्मुखीकरण शिविर में सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में नामित कुष्ठ के नोडल चिकित्सा पदाधिकारी, आर0बी0एस0के तथा आयुष चिकित्सा पदाधिकारियों,हेल्थ एडुकेटर प्रेमा मराण्डी,अचिकित्सा सहायक, एमपीडब्ल्यू, पीएमडब्लू तथा कुष्ठ उन्मूलन के क्षेत्र में काम कर रहे एनजीओ से भी प्रतिभागी उपस्थित हुए। कार्यक्रम को सफल बनाने में जिला कुष्ठ परामर्शी डॉ0 राजीव लोचन महतो,अचिकित्सा सहायक अमरेश मिश्र तथा बिनोद कुमार,कायचिकित्सक राज कुमार मिश्रा, ऋषिकेश गिरि,मनोज कुमार तथा अभिरंजन का अहम

