
ANNI AMRITA

जमशेदपुर.
देश भर में महिलाओं के साथ हो रहे अपराध पर देशवासियों में उबाल है.खासकर महिलाएं काफी ज्यादा आक्रोशित हैं और विभिन्न संस्थाएं और संगठन भी खुलकर ऐसी घटनाओं का न सिर्फ विरोध कर रहे हैं बल्कि वे अपनी गतिविधियों के माध्यम से ऐसी घटनाओं के कारणों पर परिचर्चा करते हुए निदान की तरफ सरकार का ध्यान आकृष्ट करने की कोशिश कर रहे हैं.उसी कड़ी में जमशेदपुर में जमाते इस्लामी हिंद की महिला विंग 1सितंबर से 30सितंबर तक विशेष जागरुकता अभियान चलाएगी.1सितंबर को ईदगाह मैदान, आजादनगर स्थित संगठन के कार्यालय से इसकी शुरुआत की जाएगी.इस अभियान के तहत शैक्षणिक संस्थानों और अन्य जगहों में इस बात पर मंथन किया जाएगा कि आखिर नैतिक मूल्यों का पतन क्यों हो रहा हैं? क्या आधुनिकता की दौड़ में गिरते सामाजिक मूल्य ऐसी घटनाओं के लिए जिम्मेदार हैं? “नैतिकता स्वतंत्रता का आधार” विषय पर विचार विमर्श के साथ साथ ही शिक्षक समुदाय को इस बात के लिए जागरुक किया जाएगा कि वे स्कूलों में पाठ्यक्रम के अतिरिक्त नैतिक मूल्यों की शिक्षा भी बच्चों को दें ताकि एक बेहतर समाज का निर्माण हो सके.एक प्रेस कांफ्रेंस के माध्यम से संगठन ने उपरोक्त बातों की जानकारी दी.
प्रेस काॅन्फ्रेंस को जमाते इस्लामी हिंद महिला विंग जमशेदपुर की इंचार्ज डाॅ नुजहत परवीन और कोल्हान की इंचार्ज नासरा खातून ने संबोधित किया, वहीं सेवानिवृत्त शिक्षिका सह जमाते इस्लामी हिंद महिला विंग की सदस्य महजबीन अख्तर ने प्रेस काॅन्फ्रेंस का संचालन किया.प्रेसवार्ता के दौरान संगठन की महिलाओं ने कहा कि आज समाज का नैतिक पतन हो चुका है.आज चारों तरफ नशे के कारोबार बढ चुके हैं जिस पर सरकार को लगाम लगानी चाहिए.उधर 73प्रतिशत युवा पोर्न साइट्स देखकर बर्बाद हो रहे हैं.छोटी बच्चियां भी सुरक्षित नहीं हैं.ऐसे हालातों में समाज में चिंतन जरुरी है.अभियान का उद्देश्य लोगों को, समाज को और सरकार को नैतिकता और महिला सुरक्षा को लेकर जागरुक करना है.


