
जमशेदपुर: भारतीय उद्योग जगत के दिग्गज और बजाज समूह के चेयरमैन एमेरिटस शिशिर बजाज के अमूल्य योगदान और उनके जीवन की प्रेरणादायक यात्रा को राष्ट्रीय स्तर पर एक बड़ी मान्यता मिली है। नई दिल्ली के प्रतिष्ठित होटल हयात रीजेंसी में आयोजित एक भव्य और गरिमामय समारोह में ‘नवभारत’ द्वारा प्रकाशित कॉफी टेबल बुक ‘महाराष्ट्र का गौरव’ (Maharashtra Ka Gaurav) का विमोचन किया गया। इस ऐतिहासिक संस्करण में शिशिर बजाज के जीवन, समाज सेवा और उद्योग क्षेत्र में उनके योगदान को आठ पृष्ठों के विशेष फीचर के माध्यम से प्रमुखता से स्थान दिया गया है। विमोचन समारोह में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी, कई वरिष्ठ केंद्रीय मंत्री, नीति-निर्माता और उद्योग जगत की जानी-मानी हस्तियां मौजूद रहीं।

जमनालाल बजाज की 100 साल पुरानी विरासत को आगे बढ़ाने का उल्लेख
कॉफी टेबल बुक में स्वतंत्रता सेनानी, महान समाजसेवी, उद्योगपति और महात्मा गांधी के दत्तक पुत्र माने जाने वाले जमनालाल बजाज की विरासत को आगे बढ़ाने में शिशिर बजाज की अग्रणी भूमिका का विस्तार से उल्लेख किया गया है। यह सम्मान ऐसे ऐतिहासिक समय में मिला है, जब बजाज परिवार राष्ट्र निर्माण, उद्यमिता और जनसेवा की अपनी 100 वर्ष पुरानी समृद्ध विरासत का उत्सव मना रहा है।
समारोह के दौरान शिशिर बजाज को भारतीय उद्योग, विशेष रूप से चीनी (Sugar) और इथेनॉल (Ethanol) क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान तथा ग्रामीण विकास व सामाजिक परिवर्तन के प्रति आजीवन समर्पण के लिए विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
चीनी और इथेनॉल क्षेत्र में ऐतिहासिक क्रांति और अभूतपूर्व विस्तार
राष्ट्र प्रथम, आत्मनिर्भरता और सामाजिक उत्तरदायित्व के मूल्यों पर आधारित बजाज समूह ने समय के साथ देश की बदलती व्यावसायिक आवश्यकताओं के अनुरूप अपनी पहचान को बेहद मजबूत किया है। शिशिर बजाज के कुशल और दूरदर्शी नेतृत्व में बजाज हिन्दुस्थान शुगर लिमिटेड (Bajaj Hindusthan Sugar Limited) भारत की सबसे बड़ी एकीकृत चीनी एवं इथेनॉल उत्पादक कंपनियों में शामिल हुई है। उनके कार्यकाल की सबसे बड़ी उपलब्धियां इस प्रकार हैं:
मिलों का विस्तार: कंपनी का तेजी से विस्तार हुआ और चीनी मिलों की संख्या 2 से बढ़कर 14 तक पहुंच गई।
डिस्टिलरी क्षमता में वृद्धि: इथेनॉल उत्पादन को बढ़ावा देते हुए डिस्टिलरी की संख्या 1 से बढ़ाकर 6 की गई।
ऊर्जा सुरक्षा में योगदान: कंपनी ने देश के हरित बायोफ्यूल इकोसिस्टम (Biofuel Ecosystem) को मजबूत करने और भारत की ऊर्जा सुरक्षा के राष्ट्रीय लक्ष्यों को हासिल करने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई है।
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ग्रामीण विकास और सामाजिक उत्तरदायित्व के प्रति समर्पित जीवन
शिशिर बजाज न केवल एक सफल उद्योगपति के रूप में जाने जाते हैं, बल्कि बजाज फाउंडेशन के चेयरमैन के रूप में ग्रामीण भारत की तस्वीर बदलने में भी उनका योगदान अतुलनीय है। फाउंडेशन के माध्यम से उन्होंने जल संरक्षण, कृषि विकास, महिला सशक्तिकरण और शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक जनकल्याणकारी कार्य किए हैं। समारोह में उपस्थित सभी विशिष्ट अतिथियों और उद्योगपतियों ने शिशिर बजाज की राष्ट्रभक्ति, औद्योगिक दृष्टि और समाज के प्रति उनके समर्पण की एकमुश्त सराहना की।


