
जमशेदपुर में विश्व सिकल सेल एनीमिया जागरूकता दिवस और ‘राष्ट्रीय सिकल सेल एनीमिया उन्मूलन अभियान’ के तहत एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। रेड क्रॉस सोसाइटी और जमशेदपुर ब्लड सेंटर (जमशेदपुर ब्लड बैंक) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में युवाओं को इस जानलेवा बीमारी के प्रति जागरूक करने पर विशेष जोर दिया गया।

जागरूकता और रक्तदान से ही रुकेगी यह अनुवांशिक बीमारी
कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन पूर्वी सिंहभूम के उपायुक्त सह अध्यक्ष रेड क्रॉस सोसाइटी राजीव रंजन, रेड क्रॉस के मानद सचिव बिजय कुमार सिंह, जमशेदपुर ब्लड सेंटर की सचिव नलिनी राममूर्ति, उपसचिव रवीन दुग्गल, रेड क्रॉस के उपाध्यक्ष विकास सिंह, वीभीडीए के अध्यक्ष सुनील मुखर्जी और टीएमएच की पैथोलॉजी चिकित्सक डॉ. फराह राणा ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। इस मौके पर उपायुक्त राजीव रंजन ने कहा कि इस अनुवांशिक बीमारी के प्रति युवाओं को जागरूक करना समय की सबसे बड़ी मांग है। युवा इसके बारे में जानकर ही समाज को सुरक्षित कर सकते हैं। उन्होंने सिकल सेल से प्रभावित मरीजों के लिए युवाओं से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील की।
शादी से पहले जरूर कराएं सिकल सेल ‘कुंडली’ मिलान
कार्यक्रम में टीएमएच की चिकित्सक डॉ. फराह राणा ने विस्तार से बताया कि सिकल सेल एनीमिया एक गंभीर अनुवांशिक (Genetic) रक्त रोग है। इसमें लाल रक्त कोशिकाएं सामान्य गोल आकार की बजाय असामान्य रूप से हंसिया (Sickle) के आकार की हो जाती हैं। ये जल्दी टूट जाती हैं, जिससे शरीर में खून की भारी कमी (एनीमिया) हो जाती है। डॉ. राणा ने जोर देकर कहा कि इस बीमारी को जड़ से खत्म करने के लिए विवाह पूर्व ‘सिकल सेल एनीमिया कुंडली मिलान’ (मेडिकल स्क्रीनिंग) अपनाना बेहद जरूरी है। इससे यह पता चल सकेगा कि कहीं जोड़े इस बीमारी के वाहक तो नहीं हैं, ताकि आने वाली संतानों को इस बीमारी से बचाया जा सके।
नियमित रक्तदान ही मरीजों के लिए है संजीवनी
मंच का संचालन जमशेदपुर ब्लड सेंटर के महाप्रबंधक संजय चौधरी ने किया। रेड क्रॉस के मानद सचिव बिजय कुमार सिंह और धन्यवाद ज्ञापन करते हुए उपाध्यक्ष विकास सिंह ने कहा कि सिकल सेल के मरीजों को जीवन भर लगातार खून चढ़ाने (Blood Transfusion) की जरूरत होती है। ऐसे में स्वैच्छिक रक्तदान ही उन्हें नया जीवन और आशा दे सकता है।
कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त राजीव रंजन ने जमशेदपुर ब्लड सेंटर में ब्लड डोनेशन, ब्लड सेपरेशन, एफेरेसिस डोनेशन तकनीक और ब्लड स्टोरेज की व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया। इस अवसर पर उन्होंने रक्तदान शिविर में आए रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर उनका हौसला बढ़ाया।


