
जमशेदपुर। मिथिला सांस्कृतिक परिषद, जमशेदपुर की ओर से मैथिली सम्मान दिवस पखवाड़ा के उपलक्ष्य में एक भव्य काव्य गोष्ठी का आयोजन गोलमुरी स्थित विधापति परिसर में किया गया। इस साहित्यिक आयोजन में मैथिली भाषा, संस्कृति और काव्य परंपरा की सशक्त अभिव्यक्ति देखने को मिली।


दीप प्रज्वलन व स्वस्ति वाचन से हुई शुरुआत
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इसके पश्चात पंडित विपिन झा द्वारा स्वस्ति वाचन एवं शंकरनाथ झा द्वारा भगवती वंदना प्रस्तुत की गई, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय और साहित्यिक ऊर्जा से भर उठा।
विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति
इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में शरद कुमार झा (एक्जीक्यूटिव काउंसलर, सेंट पीटर, यूके), डॉ. अशोक अविचल तथा रविन्द्र कुमार चौधरी उपस्थित रहे। अतिथियों ने मैथिली भाषा की समृद्ध परंपरा और उसके संरक्षण पर अपने विचार रखे।
कवियों की रचनाओं से सजी गोष्ठी
काव्य गोष्ठी में मैथिली के चर्चित कवियों ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। काव्य पाठ करने वालों में अशोक पाठक स्नेही, शिवकुमार झा टिल्लू, गोपाल चंद्र झा, श्यामल सुमन, विवेकानंद झा, दिलीप मिश्र शामिल रहे। वहीं महिला कवयित्रियों में पिंकी झा, नूतन झा और रूपम झा ने अपनी भावपूर्ण कविताओं से खूब सराहना बटोरी।
कवियों का सम्मान
कार्यक्रम की अध्यक्षता कैलाश झा ने की। परिषद के महासचिव धर्मेश कुमार झा और कोषाध्यक्ष रंजीत झा ने सभी कवियों को शाल एवं पाग पहनाकर सम्मानित किया।
संचालन और सहयोग
कार्यक्रम का सफल संचालन राजेश कुमार झा ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन पंकज राय ने प्रस्तुत किया। आयोजन को सफल बनाने में परिषद के कार्यकारिणी सदस्यों—शिवचंद्र झा, अनिल झा, गोपाल चौधरी, अमर झा, देवेंद्र झा, बिलास झा, संजीव झा, मिथलेश झा, सुरेश झा, अनिल मिश्रा, दिलीप झा, किशोर मिश्रा, राजेंद्र कर्ण सहित समस्त कार्यकारिणी का सराहनीय योगदान रहा।


