जमशेदपुर की प्रतिभाशाली कथक नृत्यांगना मिस्टू मुखर्जी ने कोलकाता में अपनी बेहतरीन कला का प्रदर्शन कर शहर का मान बढ़ाया है। कोलकाता की प्रतिष्ठित शास्त्रीय नृत्य संस्था ‘शाहपुर सुचिछंदम डांस अकादमी’ के तत्वावधान में आयोजित भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम “बसंत के रंग – सीज़न 4” में उनकी प्रस्तुति आकर्षण का मुख्य केंद्र रही। 18 अप्रैल 2026 को कोलकाता के रथींद्र मंच पर इस रंगारंग सांस्कृतिक संध्या का सफल आयोजन किया गया, जहां कला, परंपरा और सौंदर्य का अद्भुत संगम देखने को मिला।
तीन ताल के तराने पर मिस्टू का उत्कृष्ट और भावपूर्ण प्रदर्शन
कार्यक्रम में जमशेदपुर की होनहार नृत्यांगना मिस्टू मुखर्जी ने मंच पर तीन ताल में एक बेहद खूबसूरत ‘तराना’ प्रस्तुत किया। उनकी भावपूर्ण अभिव्यक्ति, सशक्त लयबद्धता (फुटवर्क) और उत्कृष्ट नृत्य कौशल ने वहां मौजूद दर्शकों को पूरी तरह से मंत्रमुग्ध कर दिया। तकनीकी दृष्टि से अत्यंत समृद्ध और भावनात्मक रूप से प्रभावशाली इस प्रस्तुति के जरिए मिस्टू ने भारतीय शास्त्रीय नृत्य की गरिमा और उसके मूल सौंदर्य को मंच पर जीवंत कर दिया।
‘बसंता ऋतु’ की थीम पर सतरंगी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
इस वर्ष के सांस्कृतिक कार्यक्रम का मुख्य विषय (थीम) “बसंता ऋतु” रखा गया था, जो मुख्य रूप से उल्लास, नवचेतना और सांस्कृतिक समृद्धि का प्रतीक है। इस आयोजन में विभिन्न श्रेणियों—सोलो, डुएट, ट्रायो एवं समूह—में कई प्रतिभागियों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियां दीं। मंच पर अर्ध-शास्त्रीय नृत्य, रवींद्र संगीत, नजरुल गीति के साथ-साथ लोक और आधुनिक नृत्य शैलियों की विविधता ने पूरे वातावरण को बसंती रंगों और उमंग से सराबोर कर दिया।
शानदार प्रदर्शन के लिए आयोजन समिति ने किया सम्मानित
कार्यक्रम के सफल समापन पर ‘बसंत के रंग’ की आयोजन समिति द्वारा मिस्टू मुखर्जी को उनके इस उत्कृष्ट एवं सराहनीय प्रदर्शन के लिए विशेष रूप से सम्मानित किया गया। ऑडिटोरियम में उपस्थित कला प्रेमियों और दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनकी प्रस्तुति की भूरि-भूरि प्रशंसा की। अनुभवी आयोजकों के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ यह कार्यक्रम कला जगत के लिए बेहद यादगार रहा। आयोजन समिति ने सभी प्रतिभागियों, अतिथियों और दर्शकों का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इस तरह के सांस्कृतिक आयोजनों को और अधिक भव्य रूप में प्रस्तुत करने का संकल्प दोहराया।






