JAMSHEDPUR
भाजमो जमशेदपुर महानगर की बैठक जिला कार्यालय साकची में आयोजित हुई। बैठक में भाजमो के जिला महामंत्री मनोज सिंह उज्जैन, मंत्री राजेश कुमार झा, विकास गुप्ता, प्रवक्ता आकाश शाह सहीत अन्य नें झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुबर दास के करीबी नेता भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष देवेंद्र सिंह, रामबाबू तिवारी और भाजपा के वर्तमान जिलाअध्यक्ष गुंजन यादव पर पूर्व मुख्यमंत्री रघुबर दास के शासनकाल में अवैध संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया और इसकी जाँच की माँग जिला उपायुक्त से कि । भाजमो के महामंत्री मनोज सिंह उज्जैन एवं जिला मंत्री राजेश कुमार झा नें संयुक्त बयान जारी कर कहा की भाजपा के तीनों रघुबर वादी नेताओं नें कल झारखंड के महामहिम राज्यपाल महोदया श्रीमती द्रौपदी मुर्मू को ज्ञापन सौंपकर विधायक सरयू राय पर पूर्व सरकार में मंत्री रहते हुए खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के आहार पत्रिका प्रकाशन में घोटाले का अनर्गल आरोप लगाया था और स्वतंत्र जाँच एजंसी से जाँच की माँग की थी।
भाजपा जमशेदपुर महानगर के ये तीनों वरिष्ठ नेता पूर्व मुख्यमंत्री श्री रघुबर दास के निकटस्थ व्यक्तियों में से हैं और इन तीनों पर रघुबर दास के शासनकाल में करोड़ों की सम्पत्ति अवैध तरीके से अर्जित करने का आरोप है। तीन नेताओं पर भू-माफियाओं से सांठ-गांठ, जमीन दलाली, घर कब्जाने सहित अन्य संगीन आरोप है। इनके द्वारा किए गए अवैध कार्य कई बार अखबारों के माध्यम से प्रकाशित होते रहे हैं । लोगों को प्रताड़ीत कर राजनीतिक संरक्षण के जरिए उनकी संपत्ति पर कब्जा करने में तीनों नेताओं को महारत हासिल है । रघुबर दास के मुख्यमंत्रीत्तव काल में उनके प्रभाव का नाजायज फायदा इन नेताओं ने बखूबी उठाया है और इनकी करतूत सर्वविदित है। यही कारण है की रघुबर दास के चुनाव हारने के पश्चात इनको रघुबर की नैय्या डुबाने वाले नव रत्नों की संज्ञा दी गई थी ।
इनकी लूट की गाथा क्रमशः इस प्रकार है :-
1. भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष एवं विगत विधानसभा चुनाव में जमशेदपुर पश्चिम के प्रत्याशी रहे देवेन्द्र सिंह शुरू से ही आपराधिक पृष्ठभूमि के व्यक्ति रहे हैं और अधिवक्ता का चोला ओढ़ कर शहर में कई आपराधिक गतिविधि को संचालित कर रहे हैं। देवेन्द्र सिंह नें अपने पुरे राजनीतिक जीवन का उपयोग आपराधिक गतिविधियों को चलाने के लिए किया है। जिसका प्रमाण उनपर लगे इन संगीन आरोपों से क्रमशः लगाया जा सकता है ;
2. जुगसलाई में दीपक जायसवाल के मकान में 15-20 बर्षों तक किराये पर रहे, लेकिन कभी किराया नहीं दिया यहाँ तक की राजनैतिक धौस दिखाकर माकन पर अबैध कब्ज़ा करके बैठ गए। उनके द्वारा होटल इम्बैसी बिष्टुपुर में ऊपरी तल्ला के कमरा को अवैध कब्जा किए हुए हैं और यह कथन भी सर्वविदित है। वर्ष 1985 से लेकर आज तक उक्त होटल के कमरे को इन्होंने कब्जा जमाया हुआ है और होटल मालिक को हमेशा प्रताड़ित करते रहे हैं।
3. इनका तीसरा कारनामा सोनारी एफ रोड स्थित नवलक्खा अपार्टमेंट के बिल्डर को राजनैतिक धौंस दिखाकर फ्लैट हड़प लिया और बिल्डर को जेल जाने से बचाने के नाम पर फर्जी रजिस्ट्री करवा लिया। उत्त फ्लैट की कीमत 12 लाख रूपये बताइ गई थी। देवेंद्र सिंह बताये की रजिस्ट्री में जो 12 लाख की राशि लिखी है उसका किस चेक से भुगतान किया गया। देवेन्द्र सिंह के ऊपर कुछ दिन पूर्व भाजपा के पूर्व कदमा मंडल अध्यक्ष, दीपू सिंह ने भी चुनाव के पैसों का बंदरबाट करने और कार्यकर्ताओं से धन उगाही का आरोप लगाया था जिसका उन्होंने आज तक जवाब नहीं दिया ।
4.भाजपा नेता और पूर्व जिलाअध्यक्ष रामबाबू तिवारी भी इस कड़ी के महत्वपूर्ण हिस्सा है। रामबाबु तिवारी का राजनीति और अपराध का गहरा गंठजोड़ रहा है। यह राजीव राम की गवाही से स्पष्ट हो जाता है। राजीव राम, पिता -नागेश्वर राम, कदमा, भाटिया बस्ती निवासी, सीतारामडेरा थाना के कांड संख्या 45/2020, दिनांक 30-04-2020 u/s 324/320/307/120(b)/34 IPC and 27 Arms Act. ‘‘राजीव राम ने अपने फर्द बयान में कहा कि 2019 मैं सुधीर दूबे जेल से निकला और उनके साथ हजारीबाग होते हुए एक साथ गाड़ी में बैठकर बक्सर सुधीर दुबे के गाँव ढकाइच पहुँचा। दो दिन वहीं रूकने के बाद तीसरे दिन रामबाबू तिवारी के पैतृक आवास पर ठहरे। रामबाबु तिवारी के आवास से वापस लौटने के दौरान बलिया जिलान्तर्गत थाना नहरी पुलिस द्वारा गाड़ी चेकिंग में पकड़े गाड़ी में अवैध हथियार के साथ पकड़े गये। आपको जानकारी दे दें कि जाने के क्रम में झारखंड बिहार होते हुए बलिया गए थे।
5. रामबाबू तिवारी के द्वारा लाँगटाँम बस्ती में अवैध तरीके से जमीन कब्जा करके उसपर नक्शा विचलन कर आलिशान महल रूपी इमारत बना लिया गया है। लोंगटॉम, बस्ती रुईया पहाड़ के विस्थापितों के लिए बसायी गई थी और उसमें रामबाबू तिवारी का नाम सुची में कहीं नहीं था। रामबाबू तिवारी का आय का स्रोत क्या है यह भी जनता के समक्ष सार्वजनिक होना चाहिए। बिना नक्शा पास कराए यह आलिशान इमारत किसके पैसों से बनाई गई है इसपर उच्च स्तरीय जाँच होनी चाहिए।
6. भाजपा के जिला अध्यक्ष गुंजन यादव पर बालीगुमा में 4 एकड़ जमीन हड़पने का आरोप है। उसने जमीन बेचकर पैसों का गबन कर लिया है। यह मामला 2016 का है। सत्ता शासन का धौंस दिखाकर गुंजन यादव ने यह काम किया है। इसमें गुंजन यादव समेत उनके दूसरे पार्टनर दिलीप झा, सफिकुर्र रहमान, प्रेमलता देवी और अब्दुल रहमान अंसारी झारखंड हाईकोर्ट से जमानत पर हैं। हाईकोर्ट के आदेश के बाद मजबूरन गुंजन ने रकम अजय पाण्डेय को भुगतान किया। लेकिन आज तक अजय पाण्डेय को जमीन पर कब्जा नहीं मिला।
भारतीय जनतंत्र मोर्चा इन तीनों भाजपा नेताओं की संपत्ति की जाँच कराने की माँग उपायुक्त महोदय से करती है । यदि इन नेताओं पर कारवाई नही होती है तो आगामी दिनों में भाजमो भ्रष्टाचार में संलिपत इन नेताओं के विरुद्ध सड़क में उतकर उग्र आंदोलन करने के लिए तैयार रहेगी । बैठक में भाजमो महिला मोर्चा अध्यक्ष मंजू सिंह, जिला उपाध्यक्ष वन्दना नामता, बिजय नारायण सिंह, भागवत मुखर्जी सहित अन्य उपस्थित थे ।
