

जमशेदपुर।
सांसद सुनील महतो हत्याकांड का मुख्य अभियुक्त राहुल कोलकाता में किया आत्मसमर्पण कर दिया। राहुल भूतपूर्व सांसद स्वर्गीय सुनील महतो का मुख्य हत्यारोपी है।बताया जाता है कि पूर्वी सिंहभूम में पुलिस की लगातार छापेमारी और दबिश के बाद भागकर पश्चिम बंगाल मैं स्वयं को समर्पित किया। उसने पश्चिम बंगाल पुलिस को कहां है कि पूर्वी सिंहभूम में पुलिस उसकी तलाश कर रही थी और समर्पण नहीं करता तो मारा जाता। वही पश्चिम बंगाल डीजीपी को दिए बयान में उसने बताया है कि झारखंड के पूर्वी सिंहभूम पुलिस उसके खिलाफ लगातार दबिश दे रही थी एक बार माह मुठभेड़ में मरते मरते बचा। सुपाई टुडू के मारे जाने के बाद वही टारगेट में था और चार बार पुलिस की घेराबंदी से बच निकला यदि आत्मसमर्पण नहीं करता तो वहां की पुलिस उसे मार देती।
वही जिले के ग्रामीण एस पी शैलेन्द्र वर्णवाल ने कहा कि राहुल ने कोलकोता में डी जी पी के सामने आत्मसर्मपण किया है। जिला पुलिस जल्द उसे रिमाण्ड पर लेगी। वही पूर्वी सिहभुम जिला मे रंजीत पाल उर्फ राहुल के उपर दर्जनो मामले अलग अलग थानो मे दर्ज है।जिसमे जमशेदपुर के तत्कालीन सासंद सुनील महतो की हत्या भी शामील है।
गौरतलब हैं कि 4 मार्च 2007 में पूर्वी सिंहभूम के बागड़िया में होली के दिन एक फुटबॉल टूर्नामेंट में बतौर मुख्य अतिथि सांसद सुनील महतो पहुंचे थे जहां पुरस्कार वितरण के दौरान भीड़ में मौजूद हथियारों से लैस नक्सलियों ने सांसद सुनील महतो की निर्मम हत्या कर दी थी इस कांड में सांसद सुनील महतो के साथ चार अन्य लोग भी मारे गए थे इस मामले में जिला पुलिस ने हार्डकोर नक्सली राहुल उर्फ रंजीत पाल आरोपी बनाया था। 15 लाख का इनामी नक्सली रंजीत पाल उर्फ राहुल पाल पिछले कई वर्षों से पुलिस की तलाश थी । यह मामला संसद में भी गूंजा था जिसके पश्चात मामले का अनुसंधान का जिम्मा सीबीआई को दिया गया था। सीबीआई रंजीत रूप राहुल पाल को फरार घोषित कर दिया था ।आज पश्चिम बंगाल डीजीपी और कोलकाता पुलिस कमिश्नर समेत एडीजीपी के समक्ष रंजीत पाल उर्फ राहुल और उसकी पत्नी ने हथियार के साथ आत्मसमर्पण कर दिया ।

