
JAMSHEDPUR
असम प्रदेश में लागू प्रभावी लॉकडाउन के कारण वहाँ नौकरी कर रहे लोग अपने गृह राज्य की ओर पलायन कर रहे हैं। इसी क्रम में ईटानगर के यूनिवर्सिटी ऑफ़ जोलांग में पेशे से प्रोफेसर घनश्याम सिंह फंस गये थें। मंगलवार को राँची वापसी के लिए डिब्रूगढ़ से उनकी फ्लाइट तय थी। असम में लागू प्रभावी लॉकडाउन के कारण ठप्प यातायात व्यवस्था ने उनकी चिन्ताएं
बढ़ा दी थी। एयरपोर्ट तक पहुंचने के लिए कैब सुविधा तक अनुपलब्ध थी। ऐसे में प्रोफेसर घनश्याम सिंह के भाई रणवीर सिंह ने सोमवार रात उक्त समस्या से पूर्व विधायक और झारखंड प्रदेश भाजपा के प्रवक्ता कुणाल षाड़ंगी को अवगत कराया। कुणाल षाड़ंगी ने सम्बंधित मामले में त्वरित हस्तक्षेप किया और अपने ट्वीटर हैंडल के जरिये असम प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. हेमंत बिस्वा शर्मा सहित असम पुलिस एवं असम की चर्चित सामाजिक कार्यकर्ता देबश्री बोरा से मदद सुनिश्चित करने का निवेदन किया। ट्विटर निवेदन पर संज्ञान लेकर देबश्री बोरा ने उक्त मामले में असम पुलिस के एडीजीपी हरदी सिंह से मदद पहुंचाने का निवेदन किया। एडीजीपी के स्तर से मिले त्वरित निर्देश के बाद डिब्रूगढ़ एसपी ने मामले में संज्ञान लिया और स्थानीय थाना की मदद से प्रोफेसर गघनश्याम सिंह से संपर्क स्थापित हुआ जिसके बाद जरूरी सहयोग सुनिश्चित कर दी गई। मंगलवार सुबह लगभग दस बजे डिब्रूगढ़ पुलिस ने अपने ट्विटर हैंडल के माध्यम से असम एडीजीपी एवं कुणाल षाड़ंगी को सूचित किया कि प्रोफेसर घनश्याम सिंह से समन्वय स्थापित करते हुए उन्हें वांछनीय सहयोग मुहैया करा दी गई है। सुबह ही वे डिब्रूगढ़ एयरपोर्ट के लिए रवाना हो चुके हैं। मदद मिलने के बाद प्रोफेसर के भाई रणवीर सिंह ने भी ट्विटर लर इसका पुष्टि किया। उन्होंने पूर्व विधायक कुणाल षाड़ंगी को उल्लेखनीय सहयोग के लिए आभार जताया है। वहीं ससमय मदद पहुंचाने के लिए कुणाल षाड़ंगी ने भी असम पुलिस के एडीजीपी हरदी सिंह, डिब्रूगढ़ एसपी और चर्चित समाजसेवी देबश्री बोरा के प्रति कृतज्ञता प्रकट किया है।
बढ़ा दी थी। एयरपोर्ट तक पहुंचने के लिए कैब सुविधा तक अनुपलब्ध थी। ऐसे में प्रोफेसर घनश्याम सिंह के भाई रणवीर सिंह ने सोमवार रात उक्त समस्या से पूर्व विधायक और झारखंड प्रदेश भाजपा के प्रवक्ता कुणाल षाड़ंगी को अवगत कराया। कुणाल षाड़ंगी ने सम्बंधित मामले में त्वरित हस्तक्षेप किया और अपने ट्वीटर हैंडल के जरिये असम प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. हेमंत बिस्वा शर्मा सहित असम पुलिस एवं असम की चर्चित सामाजिक कार्यकर्ता देबश्री बोरा से मदद सुनिश्चित करने का निवेदन किया। ट्विटर निवेदन पर संज्ञान लेकर देबश्री बोरा ने उक्त मामले में असम पुलिस के एडीजीपी हरदी सिंह से मदद पहुंचाने का निवेदन किया। एडीजीपी के स्तर से मिले त्वरित निर्देश के बाद डिब्रूगढ़ एसपी ने मामले में संज्ञान लिया और स्थानीय थाना की मदद से प्रोफेसर गघनश्याम सिंह से संपर्क स्थापित हुआ जिसके बाद जरूरी सहयोग सुनिश्चित कर दी गई। मंगलवार सुबह लगभग दस बजे डिब्रूगढ़ पुलिस ने अपने ट्विटर हैंडल के माध्यम से असम एडीजीपी एवं कुणाल षाड़ंगी को सूचित किया कि प्रोफेसर घनश्याम सिंह से समन्वय स्थापित करते हुए उन्हें वांछनीय सहयोग मुहैया करा दी गई है। सुबह ही वे डिब्रूगढ़ एयरपोर्ट के लिए रवाना हो चुके हैं। मदद मिलने के बाद प्रोफेसर के भाई रणवीर सिंह ने भी ट्विटर लर इसका पुष्टि किया। उन्होंने पूर्व विधायक कुणाल षाड़ंगी को उल्लेखनीय सहयोग के लिए आभार जताया है। वहीं ससमय मदद पहुंचाने के लिए कुणाल षाड़ंगी ने भी असम पुलिस के एडीजीपी हरदी सिंह, डिब्रूगढ़ एसपी और चर्चित समाजसेवी देबश्री बोरा के प्रति कृतज्ञता प्रकट किया है।
