
जमशेदपुर। सन 1984 के ऑपरेशन ब्लू स्टार में हुए शहीदों की याद में लौहनगरी में संस्था झारखंड सिख प्रतिनिधि बोर्ड के तत्वावधान में अरदास हुई।स्थानीय साकची गुरुद्वारा में ग्रंथी बाबा जी ने अरदास की और सभी के भले की कामना की। मीरी पीरी के मालिक सच्चे पातशाह हरगोबिंद साहिब जी के प्रकाश पर्व की हार्दिक बधाई दी गई।इस अरदास में शामिल झारखंड सिख प्रतिनिधि बोर्ड के अध्यक्ष सरदार गुरुचरण सिंह बिल्ला एवं महासचिव अमरजीत सिंह भ्रमरा ने उस पल को काफी दुखदाई बताया जब सिखों के सर्वोच्च पीठ श्री अकाल तख्त साहिब एवं श्री दरबार साहिब अमृतसर पर ऑपरेशन ब्लू स्टार की सैनिक कार्रवाई हुई।इन दोनों ने लेफ्टिनेंट जनरल एस के सिन्हा को याद करते हुए कहा कि वे दूरदर्शी थे और इसके परिणाम को जानते थे और उन्होंने सैनिक कार्रवाई करने से मना कर दिया था। नतीजा हुआ कि सरकार ने उनकी वरीयता की अनदेखी कर उनके जूनियर को सेना की कमान सौंप दी और उन्होंने इस्तीफा दे दिया था।
वक्ताओं के अनुसार सरकार सीधी सैनिक कार्रवाई की बजाय विकल्प के तौर पर अन्य रास्ता भी तलाश सकती थी। इस संबंध में ऑपरेशन ब्लैक थंडर का भी उन्होंने जिक्र किया जिससे सरकार के उद्देश्य की पूर्ति भी हो गई थी।
इस अरदास में कार्यकारी अध्यक्ष शमशेर सिंह सिद्धू, सुरजीत सिंह खुशीपुर जत्थेदार कुलदीप सिंह गिल राजू Marwah त्रीलोचन सिंह, सुरेंद्र सिंह गुरदीप सिंह लाडी सविंदर सिंह, जसपाल सिंह, गुरमीत सिंह आदि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए शामिल हुए।



