

सोनम कुमारी

दुमका।
महिलाओं के विकास से ही समाज व देश का विकास संभव है। जबतक महिलायेंविशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों की महिलायें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर नहींहोती देश का सर्वांगीण विकास की कल्पना करना बेमानी होगा। संताल परगनाप्रमंडल के आयुक्त बालेष्वर सिंह ने शनिवार को इन्डोर स्टेडियम मेंझारखण्ड आई ए एस आॅफिसर्स वाईव्स् ऐसोसियेशन (जेसोवा) के द्वारा महिलास्वयं सहायता समूहों के एक दिवसीय कार्यशाला को संबोधित करते हुए उक्तबातें कहीं। उन्होंने संताल परगना प्रमंडल की सभी आजीविका महिला स्वयंसहायता समूह से अपील की कि अपने समूह को आर्थिक रूप से सषक्त करें।उन्होंने परम्परागत उत्पादकता के साथ रोजगार के नये विकल्प के अनुरूपप्रषिक्षण लेने पर जोर दिया।
गांव के विकास से समाज मजबूत होगा
कार्यशाला में अपने अध्यक्षीय सम्बोधन में आयुक्त की धर्मपत्नी अनितासिंह ने कहा कि महिलाओं के सषक्तीकरण तथा विकास के लिए जेसोवा कृतसंकल्पहै। उन्होने कहा कि गांव के विकास से ही देष और समाज मजबूत होगा।उपायुक्त राहुल कुमार सिन्हा ने कहा कि देष की आधी आबादी को हर हाल में
आगे बढ़ाना होगा। स्वयं सहायता समूहों की परिकल्पना के साकार होने में देषकी समृद्धि निहित है। उन्होंने कहा कि यदि हम अपने जरूरत की सारी चीजेंअपने गांव में ही बनाना सीख जायें तथा उत्पादित वस्तु के विपणन की भीसमुचित व्यवस्था हो तो देष से पूंजी के बहिर्गमन को प्रभावी ढंग से रोकाजा सकता है। उन्होंने कहा कि आज स्वयं सहायता समूह की बहुत सी महिलायें नकेवल आर्थिक रूप सषक्त हुई हैं बल्कि आयकर भी देने की स्थिति में आ गईहैं। इस अवसर पर जेसोवा की सदस्या जया सिन्हा ने आयोजन के उद्देष्यों कोबताते हुए कहा कि सशक्त महिला से ही भारत की बुनियाद मजबूत होगी।
उन्होंने कहा कि महिलाओं की सामूहिक चेतना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। यहकार्यषाला महिलाओं के भावी सशक्त रूप की एक झलक दिखाता है।
कोकुन उत्पादन से महिलाओं ने बदली गांव की तस्वीर
अनुमंडलाधिकारी जिषान कमर ने कहा कि षिकारीपाड़ा प्रखंड के केंदपहाड़ी गांवके आजीविका स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा कोकुन उत्पादन के कारणपिछले 5 वर्षों में 6 गुणा व्यापार बढ़ा लेने के उदाहरण से सभी महिलास्वयं सहायता समूहों को प्रेरणा लेने अपील की। उन्होंनें कहा िकइससेगांव की तस्वीर ही बदल गयी है। उप निदेषक जनसम्पर्क अजय नाथ झा नेकन्यादान प्रथा का विरोध करते हुए कहा कि महिलायें दान की वस्तु नहींहैं। उन्होंने कहा कि महिलायें अपनी शक्ति को पहचानें तथा समाज औरराष्ट्र के विकास मंे अपनी महत्वपूर्ण भागीदारी सुनिष्चित करें। उन्होंनेमहिलाओं से दहेज लेने एवं देने वालों का पुरजोर विरोध करने की अपील की।झारखण्ड राज्य आजीविका मिषन के जिला समन्वयक पंकज सिंह ने जेसोवा केसदस्यों के प्रति आभार प्रकट किया जिन्होंने पिछले कई दिनों से ग्रामीण क्षेत्रों का भ्रमण कर स्वयं सहायता समूहों के निर्माण को प्रेरणा दी।
उन्होंने कहा कि महिला सषक्तिकरण समाज में बदलाव का आगाज़ है। कार्यक्रम में आये हुए सबो का आभार प्रकट करते हुए अनुमंडलाधिकारी जिषान कमर की धर्मपत्नी लुबना उस्मानी ने कहा कि यह कार्यषाला महिला सषक्तीकरण की दिषा मंे जेसोवा की यह पहल बहुत दूर तक अपना असर छोड़ जायेगी।
8 एसएचजी समूह को किया गया सम्मानित
इस अवसर पर बेहतर कार्य के लिए 8 स्वयं सेवी संस्थाओ को सम्मानित किया गया। ये स्वयं सेवी संस्थायें हैं सूरजमुखी आजीविका स्वयं सहायता समूह चेलीताल, सुलुपगढ़ आजीविका स्वयं सहायता समूह रांगा, विकास आजीविका स्वय सहायता समूह रामपुरी, जियड़ झरण आजीविका स्वयं सहायता समूह रामपुरी, जन्मदाता आजीविका स्वयं सहायता समूह रांगा, लक्ष्मी महिला मंडल आजीविका स्वयं सहायता समूह माल भंडारो, सफलता आजीविका स्वयं सहायता समूह दुमका तथा प्रेरणा आजीविका स्वयं सहायता समूह। इससे पूर्व मुख्य अतिथि आयुक्त सहित तमाम अतिथियों ने महिला आजीविका स्वयं सहायता समूह के स्टाॅलों का निरीक्षण किया तथा सदस्यों द्वारा बनाये गये सामानों के बारे में जानकारी
ली। शिखा आनन्द के नेतृत्व में जादोपटिया लोक चित्रकला के लिये समर्पित प्रेरणा एवं सफलता स्वयं सहायता समूह की सदस्य बबली यादव, निषा यादव, पूनम कुमारी, राधा देवी, रीना देवी आदि, कियाबा आजीविका स्वयं सहायता समूह के सदस्यों सोनामुनी बास्की शीला मरांडी, मर्सिला हांसदा आदि द्वारा
बांस से बनाये गये डस्टबीन, सूप, डलिया, चटाई, पूजा आजीविका स्वंय सहायता समूह की सदस्यों सुनिता टुडू नीरू हेम्ब्रम, संगीता मरांडी आदि द्वारा खेती बाड़ी पर समूह चर्चा आदि, कठलिया ग्रामीण आजीविका स्वयं सहायता समूह के बैठक करते सपना टुडू रोषमुनी बेसरा, प्रेमलता मुर्मू आदि ऋण का लेनदेन साफ-सफाई, चैली टांड़ आजीविका स्वयं सहायता समूह, ककुन से रेषम का धागा तैयार करने वाले मालभंडारो आजीविका स्वयं सहायता समूह, लतावड़ आजीविका स्वयं सहायता समूह तथा कस्तुरबा बालिका आवासीय विद्यालय दुमका द्वारा लगाये गये स्टाॅल का निरीक्षण आयुक्त संताल परगना ने किया। इस अवसर परआयुक्त संताल परगना प्रमंडल बालेष्वर सिंह, उपायुक्त राहुल कुमार सिन्हा,
अनुमंडलाधिकारी जिषान कमर, उप निदेषक जनसम्पर्क अजय नाथ झा, अनिता सिंह, जया सिन्हा, लुबना उस्मानी, साहेबगंज से आई हुई रूचि प्रसाद तथा सिंहासन कुमारी के साथ साथ भारी संख्या में महिला स्वयं सहायता समूह की सदस्यगण मौजूद थी।

