
रांची: राजधानी के डोरंडा स्थित जैप-1 ग्राउंड में आयोजित ‘बुनियादी प्रशिक्षुओं के पारण परेड समारोह-2026’ में झारखंड पुलिस को 340 नए जांबाज अफसर और जवान मिल गए हैं। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने मुख्य अतिथि के रूप में परेड का निरीक्षण किया और सलामी ली। इस ऐतिहासिक बैच में जेपीएससी (JPSC) से चयनित 4 पुलिस उपाधीक्षक (DSP) और 336 आरक्षी (255 पुरुष और 81 महिला) शामिल हैं।

30 हफ्ते की कठिन ट्रेनिंग और 25% महिला शक्ति
कड़ी धूप और बारिश के बीच 30 सप्ताह का कड़ा प्रशिक्षण पूरा करने वाले इन जवानों ने शानदार मार्चपास्ट से अपने हुनर का प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने खुशी जताते हुए कहा कि इस बैच में करीब 25 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी राज्य के लिए गर्व का विषय है। सरकार की स्पष्ट मंशा है कि राज्य के हर क्षेत्र में पुरुषों और महिलाओं की समान भागीदारी हो। इस दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जवानों को पुरस्कृत भी किया गया।
‘वर्दी सिर्फ तनख्वाह के लिए नहीं, सर्वोच्च बलिदान का संकल्प है’
समारोह के दौरान अचानक हुई तेज बारिश के बीच जवानों ने कर्तव्यनिष्ठा और संविधान की रक्षा की शपथ ली। इस पर सीएम हेमन्त सोरेन ने भावुक होते हुए कहा, “लोकतंत्र में शपथ सिर्फ एक रस्म नहीं है। आज के बाद आप एक व्यवस्था से बंध चुके हैं। अब आप सिर्फ अपने या परिवार के लिए नहीं, बल्कि आम नागरिकों की रक्षा के लिए समर्पित हैं।” उन्होंने याद दिलाया कि इनमें से कई जवान अनुकंपा के आधार पर आए हैं, जिनके परिजनों ने इसी कर्तव्य की राह में अपने प्राणों की आहुति दी थी।
पुलिस परिवारों के लिए बड़ा ऐलान: बनेंगे आधुनिक आवासीय स्कूल
जवानों का हौसला बढ़ाते हुए हेमन्त सोरेन ने मंच से दो बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार जल्द ही पुलिस विभाग के बच्चों के लिए अलग से आधुनिक आवासीय विद्यालयों का निर्माण कराएगी। इसके अलावा, पुलिसकर्मियों के लिए विशेष स्वास्थ्य सुविधाएं भी स्थापित की जा रही हैं।
कार्यक्रम के अंत में डीजीपी तदाशा मिश्रा और एडीजी प्रिया दुबे सहित अन्य वरीय अधिकारियों की मौजूदगी में जवानों ने ‘जय हिंद, जोहार’ के साथ अपने नए सफर का आगाज किया।


