रामगढ़ जिले के खूबसूरत पर्यटन स्थल पतरातू स्थित अलेक्सा रिजोर्ट में 1 मई को भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ (BSPS) की 12वीं राष्ट्रीय कार्यकारिणी की एक अहम बैठक का सफल आयोजन किया गया। इस भव्य और राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल और बड़कागांव के विधायक रोशन लाल चौधरी ने मुख्य रूप से शिरकत की। बैठक में देश भर से आए पत्रकारों ने अपने अधिकारों, चुनौतियों और संगठन के विस्तार पर गहन मंथन किया।
पत्रकारों की चार प्रमुख मांगों को सरकार तक पहुंचाएंगे सांसद
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल ने समाज और सरकार के कार्यों के आकलन में पत्रकारों की भूमिका की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि झारखंड में खनिज की चोरी और लूट की खबरें अगर पूरे देश तक पहुंचती हैं, तो यह केवल पत्रकारों और निडर पत्रकारिता की बदौलत ही संभव है। पत्रकारों द्वारा रखी गई चार प्रमुख मांगों— रेलवे में पूर्व की तरह किराए में रियायत, रोड टोल टैक्स में छूट, पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने और स्वास्थ्य बीमा योजना— पर सांसद ने सकारात्मक आश्वासन दिया। उन्होंने संगठन के संस्थापक शाहनवाज हसन से कहा कि वे बीएसपीएस के प्रतिनिधिमंडल के साथ जल्द ही रेलवे और सूचना एवं प्रसारण मंत्री से मिलकर इन जायज मांगों को मजबूती से रखेंगे ताकि सार्थक परिणाम निकल सकें।
पत्रकारिता के बिना लोकतंत्र की कल्पना अधूरी: रोशन लाल चौधरी
बड़कागांव के विधायक रोशन लाल चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि पत्रकारिता के बिना एक स्वस्थ लोकतंत्र की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। वहीं, बीएसपीएस के राष्ट्रीय अध्यक्ष और वरीय पत्रकार अशोक पांडेय ने ‘ढहता चौथा स्तंभ और दम तोड़ता लोकतंत्र’ विषय पर अपने बेबाक विचार रखे। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पत्रकारिता में काफी समस्याएं हैं, लेकिन अगर पत्रकारों पर संकट है, तो इसका सीधा मतलब है कि लोकतंत्र भी खतरे में है। पांडेय ने इस बात पर भी गहरी चिंता जताई कि वर्तमान में पत्रकारिता में कुछ गलत तत्वों के प्रवेश के कारण यह प्रतिष्ठित पेशा बदनाम हो रहा है। उन्होंने सभी साथियों से स्वस्थ, पारदर्शी और संयमित पत्रकारिता करने की अपील की। कार्यक्रम की शुरुआत में संस्थापक शाहनवाज हसन ने सभी का स्वागत करते हुए यूनियन के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला और एकजुटता का आह्वान किया।
राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में लिए गए कई बड़े संगठनात्मक निर्णय
इस राष्ट्रीय बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। पश्चिम बंगाल यूनिट के अध्यक्ष शैलेश्वर पांडा को बीएसपीएस का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया। इसके साथ ही, झारखंड जर्नलिस्ट एसोसिएशन (JJA) और पश्चिम बंगाल यूनिट की नई कार्यकारिणी की जल्द (एक महीने के भीतर) घोषणा करने का निर्णय लिया गया, जिसकी जिम्मेदारी संगठन सचिव गिरधारी शर्मा को दी गई है। मध्य प्रदेश के अध्यक्ष अरुण सक्सेना को राजस्थान, जबकि नवीन पांडे और गिरधर शर्मा को बिहार, चंडीगढ़, हरियाणा और पंजाब में संगठन विस्तार का प्रभार सौंपा गया। दक्षिण भारतीय राज्यों (तेलंगाना, कर्नाटक आदि) की जिम्मेदारी वीरभद्र राव को दी गई। इसके अलावा यह भी तय हुआ कि जुलाई महीने में मध्य प्रदेश के मांडव और सितंबर में लखनऊ में राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
मध्य प्रदेश की तर्ज पर पत्रकारों को मिले 20 हजार सम्मान राशि
बैठक के दौरान असम, बिहार, पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और नेपाल से आए पत्रकारों ने अपने-अपने क्षेत्र की समस्याएं साझा कीं। मध्य प्रदेश अध्यक्ष अरुण सक्सेना ने बताया कि उनके राज्य में 60 साल से ऊपर के मान्यता प्राप्त पत्रकारों को 20 हजार रुपये प्रति माह सम्मान राशि दी जा रही है। इस बेहतरीन मॉडल को पूरे देश में लागू करने की मांग उठी। कार्यक्रम का शानदार संचालन महामंत्री नवीन आनंद जोशी और राष्ट्रीय सचिव चंदन मिश्रा ने किया। इस दौरान संजीव समीर, अजय कुमार, शुभेंदु चटर्जी, जायद बाजपेई सहित देशभर से आए बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे, जिन्हें स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित भी किया गया।




