
अजय धारी सिंह

मधुबनी/झंझारपुर: एक मोबाइल के कारण स्कूल संचालक रविंद्र चौधरी की हत्या तीन अपराधियों ने मिलकर कर दी थी। इस ब्लाइंड हत्याकांड का पुलिस ने महज 4 दिनों में उद्भेदन कर दिया गया।
तीन हत्यारे गिरफ्तार
हत्याकांड में शामिल तीन हत्यारों को गिरफ्तार कर मृतक के पास से लूटी गई मोबाइल, एवं सिम के अलावे हत्या में इस्तेमाल की गई चाकू बरामद कर ली गई। इस हत्याकांड में उपयोग की गई अपराधियों की बाइक भी पुलिस ने बरामद कर जब्त कर ली है। गुरुवार देर संध्या झंझारपुर थाना पर प्रेस कांफ्रेंस कर डीएसपी आशीष आनंद ने मीडिया को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी। डीएसपी ने बताया कि मधुबनी एसपी डॉ सत्यप्रकाश के निर्देश पर पुलिस निरीक्षक महफूज आलम के नेतृत्व में थाना अध्यक्ष चंद्रमणि, पुअनि अरविंद कुमार,नीतीश कुमार, मिथिलेश कुमार यादव, रश्मि कुमारी एवं रेनू कुमारी की टीम गठित की गई थी। टीम के द्वारा बहुत कम समय में हत्या का खुलासा कर सराहनीय काम किया है।
तकनीकी सेल की सहयोग से उद्भेदन किया
डीएसपी आशीष आनंद ने बताया कि दिनांक 24/10/20 की रात्रि राजनगर में निजि स्कूल संचालक कानपुर निवासी रविंद्र चौधरी की चाकू गोदकर हत्या कर दी गई थी। घटना को लेकर दिनांक 25 को मृतक के भाई के द्वारा अज्ञात अपराधियों के विरुद्ध झंझारपुर थाने में हत्या का मामला दर्ज कराया गया। मामला दर्ज होते ही तकनीकी सेल की सहयोग से सघन छापेमारी अभियान चलाकर अनुसंधान टीम ने उक्त कांड का उद्भेदन किया। पुलिस ने सर्विलांस के आधार पर अपनी तहकीकात शुरू की और लूटी गई मोबाइल को अपना मुख्य केंद्र बनाया अपराधियों ने लूटी गई मोबाइल के सिम का उपयोग शुरू किया और पुलिस की गिरफ्त में आ गए। धराए अपराधियों में मिथिला दीप गांव के स्वर्गीय प्रदीप पांडे के पुत्र गौतम पांडे, बीरबल साथी के पुत्र राहुल कुमार एवं हटिया रामनगर के रामाशीष यादव के पुत्र गौरीशंकर सामिल हैं।
मोबाइल के लिए लुटेरे ने जान ले ली
मृतक रविंद्र चौधरी समीया ढलान एन. एच के पास गाड़ी रोककर मोबाइल से बातें कर रहा था तभी विपरीत दिशा से तीन अपराधी राहुल कुमार के बाइक पर सवार होकर आ रहे थे उन्होंने झपट्टा मार कर मोबाइल छीन ली मोबाइल छीनने के बाद रविंद्र कुमार अपराधियों का पीछा किया पीछा करते हुए वह मोहना जीरोमाइल से मथुरा की ओर जाने वाली सड़क की ओर भाग रहे अपराधियों का पीछा करते हुए आगे उसी सड़क में जाने पर तीनों अपराधी रास्ता बंद होने के कारण रुक गए जहां रविंद्र कुमार ने अपने हेलमेट से तीनों अपराधियों पर वार करते हुए मोबाइल देने को कहा हेलमेट के वार से अपराधी के हाथ में और सर में हल्की जख्मी भी आई तभी गौतम कुमार गौतम पांडे ने चाकू निकाल कर हमला कर दिया और एक अपराधी ने पिस्टल की बट से सर पर मारते हुए वहां से भाग गया खून से लथपथ रविंद्र चौधरी पहले दुर्गा स्थान गए और बेहोश होकर गिर गए। फिर पुलिस को इसकी सूचना हुई तो अनुमंडल अस्पताल लाया गया जहां से उन्हें दरभंगा डीएमसीएच रेफर कर दिया गया जहां उसकी मौत हो गई थी। उक्त कांड से जहां पुलिस अपनी टीम को मिली कामयाबी को लेकर गर्व कर रही है वही मृतक के परिजन हतप्रभ हैं कि किस तरह एक मोबाइल के लिए लुटेरे ने उनके पुत्र की जान ले ली।

