
जमशेदपुर : TATA MOTARS हॉस्पिटल में कार्यरत काम इनटरप्राइजेज के के अधीन कार्यरत मजदूरों की समस्याओं को लेकर शनिवार को एक त्रिपक्षीय वार्ता डीएलसी ऑफिस में हुई। वार्ता में झारखंड मजदूर यूनियन के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। वार्ता के दौरान मजदूरों की मांगों के संबंध में काम इंटरप्राइजेज की ओर से गोल-मटोल जवाब दिए जाने तथा दस्तावेज के साथ उपस्थित नहीं होने पर डीएलसी ने ठेकेदार को फटकार लगाई तथा लाइसेंस रद्द करने की चेतावनी दी। साथ ही डीएलसी में टाटा मोटर्स प्रबंधन को पत्र भेजकर काम इंटरप्राइजेज के बिल भुगतान पर रोक लगाने को कहा। झारखंड मजदूर यूनियन के केंद्रीय सचिव राजेश सामंत ने बताया कि काम इंटरप्राइजेज के अधीन कार्यरत मजदूरों को पीएफ एवं ईएसआई का लाभ सही रूप से नहीं दिया जा रहा था। साथ हीं 5 साल से कार्यरत 38 मजदूरों का फाइनल सेटलमेंट नहीं देने के कारण डीएलसी से शिकायत की गई थी। उसी आलोक में आज त्रिपक्षीय वार्ता हुई। जिसमें डीएलसी ने उपरोक्त आदेश दिए। झारडीएलसी ने काम इंटरप्राइजेज के ठेकेदार को आगामी 17 मार्च 2021 को पीएफ एवं ईएसआई जमा करने का पुख्ता प्रमाण के साथ उपस्थित होने के लिए कहा। साथ ही 38 मजदूरों का फाइनल सेटलमेंट भी देने को कहा। जब तक मजदूरों को ठेकेदार की ओर से भुगतान नहीं किया जाता है तब तक उसका कंपनी की ओर से बिल का भुगतान रुका रहेगा। राजेश सामंत ने बताया कि अगली त्रिपक्षीय वार्ता में मजदूर यूनियन के केंद्रीय अध्यक्ष सह पूर्व मंत्री दुलाल भुईंया भी उपस्थित रहेंगे। आज के वार्ता में मजदूर यूनियन केंद्रीय सचिव राजेश सामंत, केंद्रीय उपाध्यक्ष सपन करवा, जिला उपाध्यक्ष किशोर मुखी, भूपति सरदार, त्रीनाथ मुखी, विजय करवा, किसनों हेंब्रम,गौतम मुखी, सूरजमुखी,कमल मुखी, बर्मा मुखी,भूषण मुखी, विमल मुखी, कैलाश मुखी, पिंटू मुखी,छोटे सरदार,अरुण मुखी सूरज मुखी, जोत्या मुखी, कांता मुखी, किरण मुखी,चंकी मुखी, जयराम करवा आदि उपस्थित थे।

