जमशेदपुर । राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) द्वारा राष्ट्रीय कोचेज कोर्स का आयोजन किया गया। यह सात दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम झारखंड, ओडिशा, बिहार, छत्तीसगढ़ और पश्चिम बंगाल के कुल 33 कोचों के लिए आयोजित किया गया है।
इस अवसर पर एनआरएआई के राष्ट्रीय महासचिव पवन कुमार सिंह ने प्रेस वार्ता में कहा कि देश में शूटिंग खेल की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है। उन्होंने 2025 में आयोजित राष्ट्रीय शूटिंग चैंपियनशिप का जिक्र करते हुए कहा कि इसमें देशभर से 19,500 से अधिक खिलाड़ी भाग ले चुके हैं। झारखंड में भी इस खेल के प्रति रुचि में लगातार इजाफा हुआ है।
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कोर्स का उद्देश्य
पवन कुमार सिंह ने बताया कि इस कोर्स का उद्देश्य राइफल और पिस्टल शूटिंग में कोचिंग स्तर को मजबूत करना और जमीनी स्तर पर प्रशिक्षित कोच तैयार करना है। उन्होंने झारखंड राज्य राइफल संघ के अध्यक्ष दिवाकर सिंह और राज्य इकाई को इस कोर्स के सफल आयोजन के लिए बधाई दी।
उन्होंने कहा कि नए क्षेत्रों में इस तरह के कार्यक्रम खेल के विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं। इससे जमीनी स्तर पर मजबूत कोचिंग व्यवस्था विकसित होगी और राज्य के युवा निशानेबाजों के लिए नए अवसर पैदा होंगे।
झारखंड में शूटिंग खेल को बढ़ावा देना लक्ष्य
झारखंड राज्य राइफल संघ के अध्यक्ष दिवाकर सिंह ने कहा कि एनआरएआई कोचेज कोर्स की जमशेदपुर में मेजबानी करना 26 वर्षों में पहली बार हो रहा है। उन्होंने इसे गर्व की बात बताते हुए कहा कि यह कार्यक्रम स्थानीय कोचों को पेशेवर प्रशिक्षण देगा और राज्य के युवा निशानेबाजों के प्रशिक्षण स्तर को बेहतर बनाएगा।
दिवाकर सिंह ने बताया कि राज्य संघ का लक्ष्य झारखंड के हर जिले में शूटिंग खेल को बढ़ावा देना है। उनका उद्देश्य है कि शूटिंग को अधिक लोकप्रिय और सुलभ बनाया जाए। एनआरएआई के सहयोग से राज्य के अलग-अलग जिलों में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान की जाएगी और उन्हें आगे बढ़ने के अवसर प्रदान किए जाएंगे।
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युवा निशानेबाजों के लिए नए अवसर
दिवाकर सिंह ने कहा कि इस कोर्स से न केवल प्रशिक्षित कोच तैयार होंगे बल्कि राज्य के युवा निशानेबाजों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रदर्शन करने के लिए मार्गदर्शन मिलेगा। यह कदम झारखंड में शूटिंग खेल के दीर्घकालीन विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है।




