
जमशेदपुर। महिलाओं के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए ब्रह्मानंद नारायणा अस्पताल, तमोलिया परिसर में बुधवार, 17 सितम्बर 2025 को “स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” अभियान के तहत निःशुल्क मेगा ईसीजी शिविर का आयोजन किया गया। सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक चले इस शिविर में लगभग 263 महिलाओं ने भाग लिया। इनमें स्थानीय निवासी, विभिन्न आरडब्ल्यूए एसोसिएशन की सदस्याएँ, महिला संगठन, क्लबों की प्रतिनिधियाँ तथा अस्पताल के कर्मचारी शामिल रहीं।


अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, शिविर का मुख्य उद्देश्य हृदय स्वास्थ्य के प्रति महिलाओं को जागरूक करना और हृदय रोगों के शुरुआती लक्षणों की पहचान कर समय पर उपचार सुनिश्चित करना था। कार्यक्रम का शुभारंभ ब्रह्मानंद नारायणा अस्पताल के फ़ैसिलिटी डायरेक्टर श्री ए. धर्मा राव ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि महिलाओं का स्वास्थ्य किसी भी परिवार और समाज की मजबूती की बुनियाद है। उन्होंने शिविर में सक्रिय भागीदारी के लिए विभिन्न महिला संगठनों और क्लबों का आभार जताया।
इस स्वास्थ्य शिविर में महिलाओं की निःशुल्क ईसीजी जाँच की गई और विशेषज्ञ डॉक्टरों ने उनके स्वास्थ्य से संबंधित परामर्श भी दिया। चिकित्सकों ने महिलाओं को नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराने, संतुलित आहार लेने और जीवनशैली में सुधार करने की सलाह दी। साथ ही हृदय रोगों से बचाव के लिए समय-समय पर आवश्यक जांच करवाने और तनाव मुक्त जीवन जीने पर बल दिया।
अस्पताल के चिकित्सकों ने बताया कि कई बार महिलाएँ अपने स्वास्थ्य को लेकर लापरवाह हो जाती हैं, जिसके कारण हृदय संबंधी बीमारियाँ देर से पकड़ में आती हैं। इस प्रकार के शिविर महिलाओं को न केवल अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग बनाते हैं बल्कि उन्हें प्रारंभिक अवस्था में संभावित समस्याओं से निपटने का अवसर भी प्रदान करते हैं।
“स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” अभियान का यह आयोजन समाज में महिलाओं के स्वास्थ्य के महत्व को रेखांकित करता है। अस्पताल प्रबंधन ने कहा कि भविष्य में भी इस तरह के निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि अधिक से अधिक महिलाएँ इसका लाभ ले सकें।
कार्यक्रम के दौरान अस्पताल कर्मियों और स्वयंसेवकों ने शिविर में आई महिलाओं की सहायता की और उन्हें स्वास्थ्य संबंधी जानकारी उपलब्ध कराई। इस पहल को स्थानीय लोगों ने सराहा और कहा कि ऐसी गतिविधियाँ समाज को स्वस्थ और जागरूक बनाने में अहम भूमिका निभाती हैं।


