
जमशेदपुर। उत्क्रमित मध्य विद्यालय भुला के विद्यार्थियों को रविवार को शैक्षणिक भ्रमण के तहत जमशेदपुर जूलॉजिकल पार्क, जुबली पार्क और मोदी पार्क का भ्रमण कराया गया। इस शैक्षणिक यात्रा का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को शहरी परिवेश से परिचित कराने के साथ-साथ उनके ज्ञान का विस्तार करना और किताबी शिक्षा को व्यावहारिक अनुभव से जोड़ना था।
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने जमशेदपुर जूलॉजिकल पार्क में विभिन्न वन्य जीव-जंतुओं को देखा और उनके बारे में जानकारी प्राप्त की। शिक्षकों ने विद्यार्थियों को वन्य जीवों के महत्व, उनके संरक्षण और पर्यावरण संतुलन के बारे में भी जानकारी दी।
जुबली पार्क और मोदी पार्क के भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को प्रकृति एवं हरियाली के बीच समय बिताने का अवसर मिला। इस दौरान बच्चों ने पर्यावरण संरक्षण, पेड़-पौधों के महत्व और स्वच्छ वातावरण की आवश्यकता को करीब से समझा।
किताबी ज्ञान को व्यावहारिक अनुभव से जोड़ने की पहल
विद्यालय की ओर से आयोजित इस शैक्षणिक भ्रमण का उद्देश्य विद्यार्थियों को कक्षा में पढ़ाए जाने वाले विषयों को वास्तविक जीवन के अनुभवों से जोड़ना था। शिक्षकों का मानना है कि इस तरह की गतिविधियों से बच्चों में जिज्ञासा, आत्मविश्वास और सीखने की रुचि बढ़ती है।
ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए जमशेदपुर के प्रमुख पार्कों और जूलॉजिकल पार्क का भ्रमण एक नया अनुभव रहा। बच्चों ने वन्य जीवों और प्राकृतिक वातावरण को करीब से देखा तथा अपने सवालों के माध्यम से नई जानकारियां हासिल कीं।
पर्यावरण संरक्षण के प्रति किया गया जागरूक
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को बताया गया कि प्रकृति और वन्य जीवों का संरक्षण पर्यावरण संतुलन के लिए बेहद जरूरी है। बच्चों को पेड़-पौधों की रक्षा, स्वच्छता और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया।
विद्यालय परिवार का कहना है कि शिक्षा केवल पुस्तकों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। विद्यार्थियों को प्रकृति, समाज और पर्यावरण से जोड़ना भी शिक्षा का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसी उद्देश्य से समय-समय पर ऐसी शैक्षणिक गतिविधियां आयोजित की जाती हैं।
उत्क्रमित मध्य विद्यालय भुला परिवार ने कहा कि शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस यात्रा से बच्चों को ज्ञान के साथ नया अनुभव भी मिला और उनके लिए यह दिन यादगार बन गया।

