पारस सिंह झा
देवघर,। देवघर जिले में विकासात्मक और आधारभूत संरचना से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजनाओं को गति देने के लिए उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने अधिकारियों को कई अहम निर्देश दिए हैं। उपायुक्त की अध्यक्षता में राजस्व, भू-अर्जन, विशेष भू-अर्जन और विधि विभाग की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें 500 बेड के अस्पताल, 50 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र, कुंडा थाना के नए भवन और हेलीकॉप्टर सेवा के लिए जमीन चिह्नित करने का निर्देश सभी अंचलाधिकारियों को दिया गया।
मोहनपुर-हंसडीहा और जसीडीह बाईपास रेल परियोजना की समीक्षा
बैठक में जिले की प्रमुख रेल और सड़क परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने मोहनपुर-हंसडीहा, बासुकीनाथ-चितरा और जसीडीह बाईपास रेल लाइन परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली।
इसके अलावा देवघर बाईपास राजमार्ग और नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की विभिन्न परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को परियोजनाओं में तेजी लाने और कार्यों में आ रही बाधाओं को तत्काल दूर करने का निर्देश दिया।
500 बेड के अस्पताल के लिए प्राथमिकता पर जमीन चयन
जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार को लेकर 500 बेड के अस्पताल के निर्माण के लिए उपयुक्त जमीन चिह्नित करने का निर्देश दिया गया। इसके साथ ही देवघर अंचल में 50 मेगावाट क्षमता के सौर ऊर्जा संयंत्र के निर्माण, कुंडा थाना के नए भवन और बेहतर कनेक्टिविटी के लिए हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने के उद्देश्य से भी भूमि चयन की प्रक्रिया तेज करने को कहा गया।
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए शेष बचे आंगनबाड़ी केंद्रों और स्वास्थ्य उपकेंद्रों के निर्माण हेतु भी जमीन चिह्नित करने का निर्देश दिया गया।
सरकारी जमीन पर अतिक्रमण करने वालों पर होगी कार्रवाई
उपायुक्त ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा और अतिक्रमण के मामलों को गंभीरता से लेते हुए सभी अंचलाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया जाए और अवैध कब्जा करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
परिशोधन पोर्टल के लंबित मामलों का जल्द होगा निष्पादन
बैठक में परिशोधन पोर्टल पर लंबित राजस्व मामलों की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को आवेदनों का निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
स्थानीय स्तर पर राजस्व संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए अंचलाधिकारियों को स्थानीय प्रधानों के साथ नियमित बैठकें करने को कहा गया। इसके अलावा आपदा से जुड़े लंबित मामलों और मुआवजा राशि के वितरण में किसी तरह की देरी नहीं करने का निर्देश दिया गया।
हाट-बाजारों के विकास और भू-अर्जन कार्यों में तेजी के निर्देश
ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के स्थानीय हाट-बाजारों की स्थिति सुधारने, उनके जीर्णोद्धार और आवश्यकता के अनुसार नई जमीन चिह्नित करने पर भी चर्चा हुई। उपायुक्त ने भू-अर्जन और विशेष भू-अर्जन से संबंधित मामलों में तेजी लाने के लिए नोडल अधिकारियों तथा विधि विभाग के प्रतिनिधियों को नियमानुसार त्वरित कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
बैठक में अपर समाहर्ता, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, सभी अंचलों के अंचलाधिकारी, विशेष भू-अर्जन से जुड़े अधिकारी, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी, विधि विभाग के प्रतिनिधि तथा अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।

