
आदित्यपुर: राष्ट्रीय जनता दल (राजद) की सरायकेला जिला इकाई ने शनिवार शाम आदित्यपुर के आकाशवाणी चौक पर विरोध-प्रदर्शन किया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला दहन किया।
प्रदर्शन के दौरान राजद नेताओं ने चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूची के पुनरीक्षण को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया में उचित सत्यापन नहीं किया जा रहा है।
मतदाता सूची में गड़बड़ी का लगाया आरोप
राजद नेताओं ने दावा किया कि मतदाता सूची के पुनरीक्षण के दौरान कई मामलों में मनमाने तरीके से नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है। पार्टी नेताओं ने निर्वाचन आयोग से पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि निर्वाचन आयोग का रवैया निष्पक्ष नहीं है और इससे भारतीय जनता पार्टी को राजनीतिक लाभ पहुंचने की स्थिति बन रही है। यह आरोप राजद नेताओं की ओर से लगाए गए हैं।
स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव की मांग
राजद नेताओं ने कहा कि स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार हैं। उनके अनुसार, मतदाता सूची से जुड़े प्रत्येक कार्य को निर्धारित कानूनी प्रक्रिया और पारदर्शिता के साथ किया जाना चाहिए।
पार्टी ने मांग की कि पात्र मतदाताओं के मताधिकार की रक्षा सुनिश्चित की जाए तथा वोटर लिस्ट से जुड़ी शिकायतों की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए।
चुनाव आयोग की प्रक्रिया में शिकायत दर्ज कराने का प्रावधान
निर्वाचन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर मतदाता सूची में नाम जोड़ने, विवरण में सुधार, नाम हटाने पर आपत्ति तथा शिकायत दर्ज कराने जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। आयोग के अनुसार मतदाता अपने आवेदन की स्थिति भी ऑनलाइन ट्रैक कर सकते हैं।
गौरतलब है कि ज्ञानेश कुमार ने 19 फरवरी 2025 को भारत के 26वें मुख्य निर्वाचन आयुक्त के रूप में पदभार संभाला था।
राजद ने प्रदर्शन के माध्यम से मतदाता सूची पुनरीक्षण की प्रक्रिया में पारदर्शिता और शिकायतों के निष्पक्ष समाधान की मांग को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया।

