
आदित्यपुर: विश्व हिंदू रक्षा परिषद का द्वितीय अंतरराष्ट्रीय हिन्दू प्रतिनिधि महासम्मेलन एवं भारतीय सनातन गौरव सम्मान समारोह लखनऊ के गोमती नगर स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित किया गया। सम्मेलन में 21 देशों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया, जिससे आयोजन को अंतरराष्ट्रीय स्वरूप मिला।
कार्यक्रम में उपस्थित प्रतिनिधियों और अतिथियों ने एक स्वर में सनातन धर्म, संस्कृति और राष्ट्र की रक्षा का संकल्प लिया। इस दौरान धर्म एवं समाज के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली विशिष्ट विभूतियों को भारतीय सनातन गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया।
विश्वभर के हिंदुओं को एक मंच पर लाने का लक्ष्य
परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष गोपाल राय ने कहा कि विश्वभर के हिंदुओं को एक मंच पर लाना संगठन का प्रमुख लक्ष्य है। उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर प्रत्येक राज्य में कोर कमिटी गठित करने और संगठन को मजबूत करते हुए इसका विस्तार करने पर जोर दिया।
उन्होंने धर्मांतरण पर रोक लगाने तथा सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार को और प्रभावी बनाने की आवश्यकता बताई।
सनातन एकता को लेकर संगठन के विस्तार पर जोर
परिषद के राष्ट्रीय सह प्रभारी (संपूर्ण भारत) भरत सिंह ने कहा कि यह आयोजन सनातन एकता की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने संगठन से जुड़े कार्यकर्ताओं और प्रतिनिधियों से समाज के विभिन्न वर्गों के बीच समन्वय स्थापित कर सनातन विचारों को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
राष्ट्रीय संगठन मंत्री हरचरण सिंह उर्फ राजा ने देश के युवाओं से सनातन संस्कृति और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। उन्होंने युवाओं को सामाजिक और राष्ट्रहित के कार्यों से जुड़ने का संदेश दिया।
कार्यक्रम में विभिन्न देशों और देश के अलग-अलग हिस्सों से आए प्रतिनिधियों ने भाग लिया। सम्मेलन के अंत में अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष मनीष राय ने आगंतुक अतिथियों, प्रतिनिधियों और आयोजन से जुड़े सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।

