
जमशेदपुर।


बीते 12 अगस्त को बिष्टुपुर थाना क्षेत्र अन्तर्गत चिन्मया स्कूल के पास एक व्यावासायी से एक लाख रुपया छिनतई का मामला फर्जी था। उसने चिटफंड के पैसे को पचाने के उद्देश्य से उस लूट की कहानी रची थी। इस बात की जानकारी बिष्टुपुर थाना मे संवाददाता सम्मेलन के दौरान डी एस पी( पी सी आर) सुधीर कुमार ने दी। उन्होने कहा कि घटना के दिन व्यावासायी सुमीत अग्रवाल जिस प्रकार ने लूट के मामले में अपना बयान दे रहा था उस दिन ही हमलोगो को संदेह हो रहा था कि ये मामला संदिग्ध है। और पुलिस संदिग्ध मान कर ही इस मामले को जॉच कर रही थी। और पुलिस का शक सही निकला और व्यावासायी सुमीत अग्रवाल ने पुलिस के सामने मान लिया कि उसने चिटफंड का पैसा पचाने के उद्देश्य से लुट की कहानी खुद रची थी। उन्होने कहा कि आदित्यपुर से सुमीत ने चिटफंड का पैसा उठाय। और वहां से बिष्टुपुर के साउथपार्क के पास पान खाया । वहां से वह चिन्मया स्कूल के पास पहुंचा और सुनसान जगह जाकर अपने कपडे खोले और ब्लैड से अपने शरीर के कई जगहो को जख्मी किया। उसके बाद उसने अपने मित्रो को लुट की कहानी बता दी। उन्होने कहा कि इस मामले मे सुमीत ने झुठ बोला है और मनगढत कहानी कह कर पुलिस को भी परेशान किया है। पुलिस इस मामले कानुन संगत है उस पर कार्रवाई करेगी।
गौरतलब है कि गत 12 अगस्त को व्यावसायी सुमीत अग्रवाल ने पुलिस को बताया था कि बिष्टुपुर थाना क्षेत्र स्थित चिन्मया स्कूल के पास अपराधियो ने हथियार के बल पर एक लाख रुपया लूट ली है।यही नही अपराधियो ने इस दौरान अपराधियो ने पीड़ित के कपड़े भी उतार लिए है। हालाकि पुलिस इस मामले को उस दिन से ही संदेह के दृष्टिकोण से भी देख रही है।

