
घटना रिवर व्यू कॉलोनी स्थित एमपी मोती की


पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अभियुक्त को किया गिरफ्तार
सरायकेला।
आदित्यपुर थाना अंतर्गत रिवर व्यू कॉलोनी स्थित निर्माणाधीन एमपी मोती अपार्टमेंट में बीती रात को लेबर सप्लाई (ठिकेदार) का काम करने वाले पांचु गोपाल मंडल (35 वर्ष) की रड से मारकर हत्या कर दी गई. वह मूलत: महेश गंगा, थाना मेमारी व वद्र्धमान (पश्चिम बंगाल) का रहनेवाला था. इस संबंध में पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए कांड के प्राथमिकी अभियुक्त सुभाष चौड़े को गिरफ्तार किया गया एवं घटना में प्रयुक्त खून से लगा लोहे का छड़ बरामद किया गया है. इस संबंध में आदित्यपुर थाना कांड संख्या 280-15 दिनांक 13.10.15 को भादवि की धारा 302 व 34 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया है.
इस संदर्भ में जिला पुलिस अधीक्षक इंद्रजीत माहथा ने आज शाम आदित्यपुर थाना में प्रेस वार्ता में बताया कि मृतक पांचु गोपाल मंडल (निवासी महेश गंगा, थाना मेमारी, जिला वद्र्धमान (पश्चिम बंगाल) का रहने वाला हैं, जो लेबर सप्लाई का काम करता था. अभियुक्त सुभाष चौड़े करीब 6-7 माह से मृतक के अंदर में लेबर का काम कर रहा था, जिसे वह खूंटी वाले साइट में काम करने के लिए भेज दिया था. अभियुक्त द्वारा पुलिस को बतलाया गया कि पांचु मंडल का चरित्र अच्छा नहीं था. वह कई रेजा के साथ गलत नियत रखता था. अभियुक्त ने बताया कि वह एक रेजा के साथ प्यार करता था, जिस पर मृतक का गलत नियत था. इसी क्रम में अभियुक्त द्वारा मृतक को मना किया गया था कि रेजा से दूर रहे. इसके बाद ही अभियुक्त को मृतक द्वारा दूसरे साइट खूंटी भेजा गया था. अभियुक्त द्वारा मृतक से अपना पेमेंट मांगने पर दशहरा के पहले सप्ताह में देने के लिए बोला था. इसी क्रम में अभियुक्त सुभाष चौड़े 12 अक्टूबर को संध्या 7 बजे आया एवं मृतक पांचु मंडल से मिला, जिस पर वह गुस्सा हो गया एवं अभियुक्त को उल्टा-सीधा बोला. तब अभियुक्त रेजा के साथ उसके रूम में चला गया और अपना बैग वहीं छोड़ दिया. जब रात में सब लोग सो गये तो अभियुक्त उठकर कटा हुआ एक लोहे का छड़ हाथ में लिया और सोये अवस्था में मृतक पांचु मंडल को सर में मारा. फिर वह मरा की नहीं उलट-पुलट कर देखा और उसके बाद वह घबराहट से उपर छत पर चला गया.
छापामारी दल में शामिल पुलिस टीम: कांड के उद्भेदन से लेकर छापामारी करने में एसडीपीओ केवी रमण, आरआइटी थाना प्रभारी अमरजीत प्रसाद, एएसआई चंद्रभूषण, अनिल कुमार ओझा, उमेश प्रसाद रजक, सिदेश्वर साहु, शीला हेम्ब्रम, आरक्षी कुणाल कुमार सिंह, राजेंद्र सिंह, शिवराम पूर्ति व गोपाल कृष्ण शामिल थे.

