
जिला बिजली समिति की बैठक में लिये गये सुझाव

जमशेदपुर ।
केन्द्र सरकार ने बारहवीं पंचवर्षीय योजना के तहत ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के लिये दो अलग-अलग विद्युत योजना की शुरुआत की है. इसमें ग्रामीण क्षेत्र के लिये दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना तथा शहरी क्षेत्रों के लिये इंटीग्रेटेड पावर डेवलपमेंट स्कीम (आईपीडीएस) लागू होना है. इसके क्रियान्वयन के लिये शनिवार को जिला विद्युत समिति की बैठक सांसद विद्युत वरण महतो की अध्यक्षता में उपायुक्त कार्यालय में हुई, जिसमें विधायक सरयू राय, मेनका सरदार, कुणाल षाड़ंगी तथा लक्ष्मण टुडू मौजूद थे. शेष दोनों विधायक व राज्यसभा सांसद के प्रतिनिधि मौजूद थे. उपायुक्त डा. अमिताभ कौशल सहित कई प्रशासनिक पदाधिकारी व बिजली विभाग के पदाधिकारी मौजूद थे.
बैठक मे निर्णय़ लिया है कि ग्रामीण क्षेत्रों में कुल 224 करोड़ की लागत से योजना को फलीभूत किया जाएगा, जिसमें अबतक छूटे कुल 1619 गांव व टोला में विद्युतीकरण किया जाएगा. इसमें मुख्य रुप से सिंचाई के लिये अलग से फीडर की व्यवस्था होगी. साथ ही राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना में छूटे बीपीएल के साथ-साथ एपीएल घरों में भी बिजली पहुंचाई जाएगी. बैठक में बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता आरजे सिंह, कार्यपालक अभियंता सुबोध कुमार व अनिरुद्ध सिंह तथा सहायक अभियंता अमित शर्मा भी मौजूद थे.
शहर में लगेगा एबी केबुल, रुकेगी चोरी
इसके अलावे यह भी निर्णय लिया गया कि शहरी क्षेत्रों में बिजली चोरी रोकने के लिये विभाग योजना तैयार कर रहा है. इसमें ग्राहकों के घरों तक बिजली पहुंचाने के लिये अब इंसुलेटेड (एबी केबुल) तार लगाये जाएंगे. इसके लोग चाहकर भी हुकिंग आदि के माध्यम के बिजली चोरी नहीं कर पाएंगे. इसके जहां बिजली लॉस में कमी आएगी, वहीं राजस्व में भी बढ़ोत्तरी होगी.
ग्रामीण क्षेत्र के 6 स्थानों में बनेगा सब स्टेशन
समिति ने ग्रामीण क्षेत्रों में 6 स्थानों में नया सब स्टेशन बनाने का निर्णय लिया है. इसमें पटमदा, बोड़ाम, घाटशिला के दो स्थानों में, गुड़ाबांधा काड़ाडूबा तथा मुड़ाठाकुरा में सब स्टेशन बनाने का प्रस्ताव है. सिंचाई के लिये कुल 1392 किलोमीटर 11केवी की लाइन खींची जाएगी.
