
बिल्डरों पर रहम, गरीबों पर अत्याचार की नीति बर्दाश्त नहीं : अप्पू तिवारी


जमशेदपुर।गोलमुरी के आकाशदीप प्लाज़ा के मुहाने वर्षों से ठेलों पर चाय-पकौड़ा एयर नाश्ता बेचनें वाले ठेला संचालकों ने प्रशासन द्वारा दुकानें बंद कराए जाने पर बुधवार को जमशेदपुर अधिसूचित क्षेत्र समिति के कार्यालय पर प्रदर्शन किया। इस दौरान ठेला संचालकों ने प्रशासन के बर्बर रवैये के विरुद्ध रोष व्यक्त किया। ठेला संचालकों के समर्थन के आजसू नेता अप्पू तिवारी भी प्रदर्शन में शामिल हुए। ट्रैफिक और सड़क जाम की समस्या बताकर एक सप्ताह पूर्व गोलमुरी ट्रैफिक पुलिस द्वारा आकाशदीप प्लाज़ा के मुहाने रेहड़ी पर संचालित ठेला दुकानों को ज़बरन हटा दिया था। इसके बाद से न तो प्रशासन ने उन्हें स्वरोज़गार के लिए कोई जगह मुहैया कराया और ना ही पूर्व के स्थान पर ठेला लगाने की अनुमति दी। ट्रैफिक पुलिस की बेरुख़ी से ग़रीब ठेला संचालकों को दिन में सौ रुपये तक जुटा पाना मुश्किल हो गया है। वहीं ठेला संचालकों के अनुरोध पर समर्थन देने पहुँचें आजसू नेता अप्पू तिवारी ने कहा कि विधि-व्यवस्था और ट्रैफिक के नाम पर ग़रीबों का ठेला हटवाना उन सबों के आजीविका अर्जन की स्वतंत्रता पर अतिक्रमण है। कहा कि बिल्डरों पर रहम और ग़रीबों पर सितम ढाहने की नीति बर्दाश्त नहीं कि जाएगी। उन्होंने बताया कि शहर में प्रमुख बाज़ारों और सैड़कों के बीचोंबीच ठेलों से ज्यादा अवैध कॉम्प्लेक्स हैं जो नक्शा विचलन कर बनाये गए हैं। इन बड़ी दुकानों में तो पार्किंग एरिया तक का अभाव है। ऐसे में प्रशासन इनपर कार्यवाई न कर कमज़ोर ठेले-रेहड़ी संचालकों को रोज़गार विहीन करने पर केंद्रित है जो कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। जमशेदपुर अक्षेस के विशेष पदाधिकारी की अनुपस्थिति में ठेला संचालकों ने सिटी मैनेजर रंजन पांडेय को लिखित माँग पत्र सौंपते हुए सहयोग की अपील की है। ठेला दुकानदारों ने साथ ही माँग किया कि वर्ष 2014 में लागू पथ विक्रेता अधिनियम को भी अविलंब लागू किया जाए जिससे ग़रीब ठेला संचालक पुलिसिया अत्याचार के शिकार न हों। वहीं सिटी मैनेजर ने ठेला संचालकों से रामनवमी पर्व समाप्त होने तक का सहयोग माँगा है। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस आशय में जल्द ही उचित निर्णय लिए जाएंगे। इस दौरान प्रदर्शन में शामिल दुकानदारों में रामलखन साहू, पन्नालाल, अशोक, शिव चन्द्र, बीरेंद्र, अधिराज, शालिग्राम, अर्जुन, वीरू, ललन केवट, शिवा, संजय, अजित, शंभु, हरेंद्र, किशोर, राकेश, चंद्रप्रताप समेत कई ठेला संचालक मौजूद थे।

