JAMSHEDPUR NEWS :टाटा स्टील ने संस्थापक जे.एन. टाटा को उनकी 186वीं जयंती पर श्रद्धांजलि अर्पित की

जमशेदपुर टाटा स्टील ने आज अपने संस्थापक जमशेदजी नसरवानजी टाटा को श्रद्धांजलि अर्पित की, जिन्हें भारतीय उद्योग जगत के जनक के रूप में माना जाता है। उनकी 186वीं जयंती के अवसर पर संस्थापक दिवस पूरे सम्मान और उत्साह के साथ मनाया गया।
यह प्रतिष्ठित आयोजन हर वर्ष 3 मार्च को जमशेदपुर में आयोजित किया जाता है, जहां जमशेदजी टाटा की दूरदृष्टि और औद्योगिक भविष्य की उनकी कल्पना को याद किया जाता है। उनका विचार केवल औद्योगीकरण तक सीमित नहीं था, बल्कि उसमें सामुदायिक विकास और सामाजिक कल्याण की नींव भी शामिल थी। संस्थापक दिवस इसी भावना का प्रतीक है, जो टाटा स्टील के मूल मूल्यों और उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
इस वर्ष के संस्थापक दिवस की थीम “बाज़ार, तकनीक और लागत में नेतृत्व“ है, जो हमारे इस संकल्प को दोहराती है कि हम ग्राहकों की आवश्यकताओं को प्राथमिकता देंगे और वैश्विक लागत नेतृत्व हासिल करने के लिए प्रौद्योगिकी का प्रभावी उपयोग करेंगे।
जमशेदपुर वर्क्स में कार्यक्रम की शुरुआत वर्क्स मेन गेट पर संस्थापक को श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ हुई। इस अवसर पर वरिष्ठ अधिकारियों, टाटा वर्कर्स यूनियन (टीडब्ल्यूयू ) के वरिष्ठ पदाधिकारियों, ग्रुप कंपनियों के अधिकारियों और जमशेदपुर के नागरिकों ने संस्थापक को नमन किया।
एन चंद्रशेखरन (चेयरमैन, टाटा संस), टी.वी. नरेंद्रन (सीईओ एवं एमडी, टाटा स्टील), कौशिक चटर्जी (एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर एवं चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर, टाटा स्टील), ऋतुराज सिन्हा (मैनेजिंग डायरेक्टर, टाटा स्टील यूआईएसएल), संजीव कुमार चौधरी (प्रेसिडेंट, टाटा वर्कर्स यूनियन) और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने जमशेदपुर वर्क्स में आयोजित समारोह में संस्थापक को श्रद्धांजलि अर्पित की।
इसके बाद, जमशेदपुर शहर के मध्य स्थित पोस्टल पार्क में भी संस्थापक को श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
संस्थापक दिवस की पूर्व संध्या (2 मार्च) पर, एन चंद्रशेखरन ने टाटा स्टील और ग्रुप कंपनियों के वरिष्ठ लीडर्स के साथ जुबिली पार्क में विद्युत सज्जा की औपचारिक शुरुआत की।
हर वर्ष, टाटा स्टील अन्य टाटा समूह कंपनियों के साथ मिलकर अपने संस्थापक की जयंती मनाती है और उनके उस दृष्टिकोण को सम्मान देती है, जिसमें औद्योगिक विकास के साथ-साथ सामुदायिक कल्याण को केंद्र में रखा गया था।
जे.एन. टाटा ने 1870 के दशक में मध्य भारत में एक कपड़ा मिल से अपने उद्यमशीलता सफर की शुरुआत की थी। उनकी दूरदृष्टि ने न केवल भारत में इस्पात और ऊर्जा उद्योग को प्रेरित किया, बल्कि तकनीकी शिक्षा की नींव भी रखी, जिससे देश को औद्योगिक प्रगति में एक महत्वपूर्ण बढ़त मिली।
इस वर्ष के संस्थापक दिवस समारोह की एक प्रमुख विशेषता थी जमशेदपुर के 20 से अधिक प्रतिष्ठित स्थलों, प्रमुख इमारतों और दर्जनों गोलचक्करों की भव्य विद्युत सज्जा। रंग-बिरंगी प्रकाश सज्जा ने पूरे शहर को उत्सवमय बना दिया, जो न केवल जमशेदपुर के नागरिकों बल्कि आगंतुकों के लिए भी आकर्षण का केंद्र रही।

इस ऐतिहासिक अवसर को और यादगार बनाने के लिए जुबिली पार्क को आम नागरिकों के लिए 3 से 5 मार्च तक खोला जाएगा, जिससे वे इस अद्भुत आयोजन का हिस्सा बन सकें और इसकी भव्यता का आनंद उठा सकें।
संस्थापक दिवस 2025 के उपलक्ष्य में आयोजित गतिविधियों की श्रृंखला में 1 मार्च को टाटा स्टील के वरिष्ठ प्रबंधन द्वारा नए प्रेम ज्योति प्रांगण स्कूल का उद्घाटन किया गया। टाटा स्टील ने इस स्कूल के लिए एक नया भवन निर्मित किया है, जो आधुनिक और सतत शिक्षा के लिए अनुकूल वातावरण प्रदान करेगा।
इसके अलावा, क्षेत्र के पहले पेट क्रेमेटोरियम का भी उद्घाटन किया गया। यह सुविधा पालतू पशुओं के अंतिम संस्कार के लिए एक सम्मानजनक और पर्यावरणीय रूप से अनुकूल समाधान प्रदान करती है, जिससे सुरक्षित, स्वच्छ और संरचित तरीके से पालतू पशुओं के अवशेषों का निपटान सुनिश्चित किया जा सके।
आज मेहरबाई टाटा मेमोरियल अस्पताल में एक ऑपरेशन थिएटर का उद्घाटन किया गया। यह सुविधा अस्पताल में ही कैंसर सर्जरी की सेवाएं उपलब्ध कराएगी, जिससे जरूरतमंद मरीजों को इलाज के लिए अन्य स्थानों पर जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
4 मार्च को टाटा मेन अस्पताल में एक स्पाइन क्लिनिक का उद्घाटन किया जाएगा। यह एक समर्पित मल्टी-स्पेशियलिटी क्लिनिक होगा, जो जटिल रीढ़ संबंधी समस्याओं के व्यापक प्रबंधन के लिए डिज़ाइन किया गया है। इसके अलावा, एक स्ट्रोक यूनिट का भी उद्घाटन किया जाएगा, जो स्ट्रोक मरीजों के त्वरित आकलन और उपचार के लिए समर्पित होगी।
इसके साथ ही, टाटा स्टील स्पोर्ट्स डिवीजन ने 2 और 3 मार्च को जमशेदपुर के जेआरडी टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में विभिन्न खेल गतिविधियों का आयोजन किया।
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