जमशेदपुर:
सीतारामडेरा थाना क्षेत्र में 31 मार्च 2026 की रात हुई खूनी वारदात का पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है । पुलिस की विशेष टीम ने छायानगर में दो युवकों पर गोली और चापड़ से जानलेवा हमला करने वाले 4 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है । घटना को अंजाम देने के बाद ये सभी अपराधी शहर छोड़कर बस से पटना भागने की फिराक में थे, जिन्हें मानगो बस स्टैंड से धर दबोचा गया ।
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छायानगर में हुई थी खूनी वारदात
विदित हो कि दिनांक 31 मार्च 2026 की रात करीब 9:30 बजे सीतारामडेरा थाना अंतर्गत छायानगर में अपराधियों ने चंडीनगर निवासी नंदू लोहार (उर्फ नंदु कर्मकार) और जगरनाथ पुष्टि (उर्फ सन्नी पुष्टि) पर जानलेवा हमला किया था । अपराधियों ने इन दोनों पर गोली और लोहे के चापड़ से हमला कर इन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया था । इस मामले में जख्मी नंदू लोहार के बयान के आधार पर सीतारामडेरा थाना में कांड संख्या 35/2026 (दिनांक 01.04.2026) के तहत बीएनएस और आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई थी ।
एसएसपी के निर्देश पर बनी विशेष टीम, मानगो बस स्टैंड से गिरफ्तारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पूर्वी सिंहभूम के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देश पर अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी के लिए सिटी एसपी की निगरानी और डीएसपी (मुख्यालय-1) श्री भोला प्रसाद सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया । टीम ने त्वरित छापेमारी करते हुए कांड में संलिप्त चार अपराधियों को मानगो बस स्टैंड से उस वक्त गिरफ्तार कर लिया, जब वे पटना भागने की तैयारी कर रहे थे ।
इन अपराधियों की हुई गिरफ्तारी
गिरफ्तार किए गए सभी 4 अपराधी सीतारामडेरा के छायानगर के ही रहने वाले हैं । इनमें शामिल हैं:करण वर्मा (21 वर्ष), पिता- स्व० योगेन्द्र वर्मा निर्भय सिंह उर्फ छोटका (19 वर्ष), पिता- सुरेन्द्र सिंह संतोष वर्मा उर्फ मुन्ना (21 वर्ष), पिता- मिठठू वर्मा कुणाल मुंडा उर्फ छिला (23 वर्ष), पिता- स्व० संतोष मुंडा हथियार बरामद और अपराधियों का पुराना आपराधिक इतिहासपुलिस ने इन अपराधियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त 1 देशी कट्टा, 1 जिंदा गोली, 3 लोहे के चापड़ और 2 एंड्राइड मोबाइल फोन बरामद किए हैं । पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अपराधियों में से करण वर्मा, निर्भय सिंह और कुणाल मुंडा का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है । विशेषकर कुणाल मुंडा पर पहले से ही आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस और अन्य संगीन मामलों में सीतारामडेरा थाने में कई केस दर्ज हैं । इस सफल अभियान में डीएसपी भोला प्रसाद सिंह के साथ सीतारामडेरा थाना प्रभारी आनंद मिश्रा एवं अन्य पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका रही ।




