जमशेदपुर: झारखंडश्रमजीवी पत्रकार युनियन ने मुख्यमंत्री रघुवर दास से मिलकर पत्रकारों को आवासीय कालोनी बनाने के लिए सस्ती दर पर भूमि आवंटित कराने की मांग की, युनियन ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा कर अन्य मांगो से अवगत कराया,
झारखंड श्रमजीवी पत्रकार युनियन के प्रदेश महासचिव प्रमोद कुमार झा के नेतृत्व में पत्रकारों का प्रतिनिधि मंडल मुख्य मंत्री के नगर आगमन पर उनके एग्रिको स्थिति आवास में भेंट कर एक चौदह सुत्री मांग पत्र सौंपा ।उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की कि पत्रकारों और गैर पत्रकारों के लिए मजीठिया वेतन आयोग की अनुशंसा तत्काल लागू करवाने, राज्य में पत्रकारों और गैर पत्रकारों के लिए समुचित श्रम कानूनों का पालन करवाने के लिए युनियन ,प्रबंधन और सरकार के प्रतिनिधियों को शामिल कर एक समन्वय समिति का गठन करने , राँची और जमशेदपुर मे झारखंड श्रमजीवी पत्रकार युनियन के कार्यालय के लिए भवन वा भूमि उपलब्ध कराने,छोटानागपुर संथाल परगना जमशेदपुर से प्रकाशित तत्कालीन प्रथम हिन्दी दैनिक नया रास्ता के संपादक शहीद शंकर लाल खीरवाल की जुगसलाई मे 5 अगस्त,1974 कोऔर जमशेदपुर से प्रकाशित अंग्रेजी दैनिक अमृत बाजार पत्रिका के वरीय संवाददाता मोहम्मद इलियास-कमाल को मानगो पारडीह रोड पर 28 सितंबर ,1987 को हुई हत्या के बारे मे जानकारी दी और कहा कि जिन क्षेत्र मे उनकी हत्या हुई उन सडकों का नाम उनके नाम पर रखने की , राँची की तरह झारखंड के सभी जिलों में प्रेस क्लब के लिए भवन वा भूमि की व्यवस्था कराने ,सरकारी मान्यता के लिए आवेदन करने वाले पत्रकारों के आवेदन का निपटारा कराने ,सरकार द्वारा प्रमाणीकरण समिति में पत्रकार युनियन के प्रतिनिधिय़ों को बिहार के तर्ज पर कमिटी का गठन किया जाय। पत्रकारोंऔर गैर पत्रकारों का प्रेस मे काम करने वाले कर्मचारियों का पी एफ कटवाने की कानूनी व्यवस्था को चुस्त दुरुस्त करने का आग्रह किया । राज्य के अलग अलग थाना क्षेत्रों में रहने वाले पत्रकारों को शांति समिति, नागरिक पुलिस समन्वय समिति और केंद्रीय सदभावना शांति समिति मे सदस्य मनोनीत करवाने की मांग की। उन्होंने मुख्यमंत्री से पत्रकारोँ के बच्चों के लिए राज्य के सभभ स्कूलों में सीट आरक्षित कराने, पत्रकारों और उनके परिवार के लिए निशुल्क अन्य राज्यों के तर्ज पर झारखंड में भी इलाज करवाने की व्यवस्था करने, गंभीर हालत में बाहर मे किसी अस्पताल मे सहज प्रक्रिया मे किसी अस्पताल में इलाज कराने पर सरकारी सहायता दिलाने ,पत्रकार कल्याण कोष कमिटी का गठन ,अन्य राज्यो कि तरह झारखंड में भी पेशन देने की योजना लागू करें और टाटा स्टील प्रबंधन के द्वारा जो मिडिया सेंटर तोडा गया उस मुद्दे पर मुख्यमंत्री काफी गंभीर दिखे और तत्काल मिडिया सेंटर उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया
झारखंड श्रमजीवी पत्रकार युनियन के प्रदेश महासचिव प्रमोद कुमार झा के नेतृत्व में पत्रकारों का प्रतिनिधि मंडल मुख्य मंत्री के नगर आगमन पर उनके एग्रिको स्थिति आवास में भेंट कर एक चौदह सुत्री मांग पत्र सौंपा ।उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की कि पत्रकारों और गैर पत्रकारों के लिए मजीठिया वेतन आयोग की अनुशंसा तत्काल लागू करवाने, राज्य में पत्रकारों और गैर पत्रकारों के लिए समुचित श्रम कानूनों का पालन करवाने के लिए युनियन ,प्रबंधन और सरकार के प्रतिनिधियों को शामिल कर एक समन्वय समिति का गठन करने , राँची और जमशेदपुर मे झारखंड श्रमजीवी पत्रकार युनियन के कार्यालय के लिए भवन वा भूमि उपलब्ध कराने,छोटानागपुर संथाल परगना जमशेदपुर से प्रकाशित तत्कालीन प्रथम हिन्दी दैनिक नया रास्ता के संपादक शहीद शंकर लाल खीरवाल की जुगसलाई मे 5 अगस्त,1974 कोऔर जमशेदपुर से प्रकाशित अंग्रेजी दैनिक अमृत बाजार पत्रिका के वरीय संवाददाता मोहम्मद इलियास-कमाल को मानगो पारडीह रोड पर 28 सितंबर ,1987 को हुई हत्या के बारे मे जानकारी दी और कहा कि जिन क्षेत्र मे उनकी हत्या हुई उन सडकों का नाम उनके नाम पर रखने की , राँची की तरह झारखंड के सभी जिलों में प्रेस क्लब के लिए भवन वा भूमि की व्यवस्था कराने ,सरकारी मान्यता के लिए आवेदन करने वाले पत्रकारों के आवेदन का निपटारा कराने ,सरकार द्वारा प्रमाणीकरण समिति में पत्रकार युनियन के प्रतिनिधिय़ों को बिहार के तर्ज पर कमिटी का गठन किया जाय। पत्रकारोंऔर गैर पत्रकारों का प्रेस मे काम करने वाले कर्मचारियों का पी एफ कटवाने की कानूनी व्यवस्था को चुस्त दुरुस्त करने का आग्रह किया । राज्य के अलग अलग थाना क्षेत्रों में रहने वाले पत्रकारों को शांति समिति, नागरिक पुलिस समन्वय समिति और केंद्रीय सदभावना शांति समिति मे सदस्य मनोनीत करवाने की मांग की। उन्होंने मुख्यमंत्री से पत्रकारोँ के बच्चों के लिए राज्य के सभभ स्कूलों में सीट आरक्षित कराने, पत्रकारों और उनके परिवार के लिए निशुल्क अन्य राज्यों के तर्ज पर झारखंड में भी इलाज करवाने की व्यवस्था करने, गंभीर हालत में बाहर मे किसी अस्पताल मे सहज प्रक्रिया मे किसी अस्पताल में इलाज कराने पर सरकारी सहायता दिलाने ,पत्रकार कल्याण कोष कमिटी का गठन ,अन्य राज्यो कि तरह झारखंड में भी पेशन देने की योजना लागू करें और टाटा स्टील प्रबंधन के द्वारा जो मिडिया सेंटर तोडा गया उस मुद्दे पर मुख्यमंत्री काफी गंभीर दिखे और तत्काल मिडिया सेंटर उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया



